महाराष्ट्र की 29 नगर महानगरपालिकाओं के लिए प्रचार अभियान मंगलवार को थम गया है. मुंबई में बीएमसी (BMC) की सत्ता हासिल करने के लिए बीजेपी नीत महायुति और एकजुट ठाकरे मोर्चे के बीच कांटे की टक्कर है. सुरक्षा के कड़े इंतजामों के बीच गुरुवार को मतदान और शुक्रवार को नतीजों का ऐलान होगा.
महाराष्ट्र में नगर निगम का चुनाव 15 जनवरी को होगा और 16 को नतीजे आएंगे. इस पर सियासी समीकरण बदला हुआ है. महायुति में भी एकजुटता नहीं रही. अजित पवार की पार्टी एनसीपी अलग चुनाव लड़ रही है. वहीं कांग्रेस भी उद्धव के साथ नहीं है.
यह सनसनीखेज वाकया कैंप नंबर-4 स्थित सुभाष टेकड़ी के डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर चौक के पास हुआ. वित्थल्वादी पुलिस ने एक ऑटो रिक्शा से करीब 50 लाख रुपये की नकदी जब्त की है.
महाराष्ट्र के नगर निकाय चुनावों में प्रचार थमने से पहले भाषा के लिहाज से सारी हदें पार हुईंं. चुनाव प्रचार के दौरान राज ठाकरे और शिवसेना नेताओं ने रसमलाई, लुंगी से लेकर नामर्द जैसे शब्दों के उपयोग से भी गुरेज नहीं किया.
महाराष्ट्र के महानगर पालिका चुनावों को लेकर सियासी माहौल गरमा गया है. इस दौरान एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है. बीजेपी की नेता चित्रा वाघ ने ठाकरे परिवार पर कड़ी टिप्पणियां की हैं. बातचीत में उन्होंने बीएमसी चुनावों सहित अन्य चर्चित मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया दी है. देखें.
एआईएमआईएम नेता अकबरुद्दीन ओवैसी ने छत्रपति संभाजीनगर में चुनावी रैली के दौरान पीएम नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि औरंगाबाद का नाम बदलने वालों को आगामी नगर निगम चुनाव के बाद शहर का मेयर नहीं बनना चाहिए.
महाराष्ट्र में बीएमसी समेत 29 नगर निगमों के चुनाव के लिए 15 जनवरी को मतदान होना है, जबकि प्रचार का आज अंतिम दिन है. अकेले बीएमसी में 227 वार्डों के लिए 1,700 उम्मीदवार मैदान में हैं. बीएमसी में शिवसेना (यूबीटी)-मनसे और बीजेपी-शिंदे सेना का गठबंधन आमने-सामने है, जबकि कांग्रेस गठबंधन और एनसीपी गुट अलग-अलग लड़ रहे हैं.
महाराष्ट्र के डोंबिवली में दो सहयोगी दल, बीजेपी और शिवसेना (शिंदे) के कार्यकर्ताओं की हिंसक झड़प हो गई. इस झड़प में दोनों ही दलों के दो-दो पदाधिकारी घायल हो गए.
बॉम्बे हाई कोर्ट ने उन उम्मीदवारों की अर्जी पर तुरंत सुनवाई करने से इनकार कर दिया जो 30 दिसंबर को शाम 5 बजे तक नॉमिनेशन फॉर्म जमा करने की अंतिम तिथि को पूरा नहीं कर सके थे. अदालत ने स्पष्ट किया है कि वह इस मामले में सुनवाई 21 जनवरी को चुनाव के 6 दिन बाद करेगी. ऐसे उम्मीदवार अब इस बात पर विचार कर रहे हैं कि क्या वे अपनी अर्जी सुप्रीम कोर्ट ले जाएं.
कांग्रेस ने महाराष्ट्र राज्य चुनाव आयोग से लाडकी बहिण योजना के बारे में शिकायत की है. इस योजना के तहत दिसंबर 2025 और जनवरी 2026 की किश्तों में ₹3,000 की मदद योग्य लाभार्थियों के बैंक अकाउंट में 14 जनवरी से पहले जमा कर दी जाएगी, जो राज्य में निगम चुनाव से एक दिन पहले है. देखें रिपोर्ट.
महाराष्ट्र और मुंबई की जनता की सोच और भावनाओं को समझने के लिए CVoter ने एक महत्वपूर्ण सर्वे किया है. यह सर्वे 8 जनवरी को मुंबई के सभी जिलों में बालिग लोगों के बीच किया गया. इस पोल में विभिन्न उम्र, लिंग, जाति, राजनीतिक समर्थक और भाषा-भाषी 1241 लोगों से सवाल पूछे गए. सर्वे में 5 फीसदी का मार्जिन ऑफ एरर रखा गया है जिससे यह परिणाम काफी विश्वसनीय माने जा सकते हैं. इस सर्वे के जरिए बीएमसी चुनाव और महाराष्ट्र की राजनीति को लेकर जनता की राय सामने आई है.
महाराष्ट्र निकाय चुनाव पर कांग्रेस नेता ने कहा कि भाजपा के खिलाफ खासकर इसलिए विरोध जताया जाता है क्योंकि वह धर्म और जाति के नाम पर लोगों को बांटती है. इसके साथ ही वे उन लोगों का भी विरोध करते हैं जो प्रांत, धर्म व भाषा के नाम पर बांटते हैं.
महाराष्ट्र में सिर्फ 2 दिन बाद बीएमसी समेत 29 नगर निकायों के चुनाव हैं. इस बार के चुनाव में महाराष्ट्र में बड़ी दिलचस्प चुनावी राजनीति देखने को मिली है. लोकसभा के चुनाव में बने गठबंधन, विधानसभा के चुनाव नतीजों के बाद हिलते दिखे तो नगर निकाय चुनावों में सारी हदें टूट गईं. जो दल महायुति में थे वो आपस में फ्रेंडली फाइट लड़ रहे हैं. जो दल अघाड़ी के हिस्से हैं वो भी दोस्ताना जंग लड़ रहे हैं. सवाल है BMC चुनाव में कौन मारेगा बाजी? देखें दंगल.
महाराष्ट्र निकाय चुनाव को लेकर शिवसेना के प्रवक्ता कृष्णा हेगड़े ने माना है कि स्थानीय स्तर पर कई अहम फैसले होते हैं और बीजेपी को अपने सवालों का जवाब खुद देना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि महायुति में बदलाव आ रहा है लेकिन अभी कोई निकास नहीं है। इस बयान ने गठबंधन और चुनावी रणनीतियों पर नई बहस छेड़ दी है। राजनीतिक समीकरण और गठबंधन की भूमिका पर इसे नए नजरिए से देखा जा रहा है।
महाराष्ट्र में बीएमसी सहित उनतीस नगर निकाय चुनाव अगले दो दिनों में होने वाले हैं. इस बार गठबंधन टूटने और बनने के कारण राजनीतिक माहौल काफी जटिल हो चुका है. महायुति के भीतर फ्रेंडली फाइट और आघाडी के अंदर दोस्ताना संघर्ष देखे जा रहे हैं.
अंबरनाथ नगर परिषद में हंगामे के बीच सदाशिव पाटिल उपाध्यक्ष चुने गए. NCP के 4 पार्षदों ने अपनी ही पार्टी का व्हिप तोड़कर शिवसेना (शिंदे) का साथ दिया. भाजपा ने इसे नियमों के खिलाफ बताते हुए कोर्ट जाने की घोषणा की है.
कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि वे राजनीति में धर्म, जाति, प्रांत या भाषा के नाम पर हो रहे विवादों के खिलाफ हैं. उनका मानना है कि कांग्रेस का अस्तित्व सत्ता से नहीं बल्कि विचारधारा से जुड़ा है.
महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) प्रमुख राज ठाकरे और बीजेपी नेता के. अन्नामलाई के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है. राज ठाकरे द्वारा की गई 'रसमलाई' वाली टिप्पणी और एमएनएस कार्यकर्ताओं की धमकियों पर अन्नामलाई ने तीखा जवाब देते हुए उन्हें मुंबई आने की चुनौती दी है.
महाराष्ट्र में निकाय चुनाव को लेकर सियासी जंग जारी है. सभी पार्टियां जोर-शोर से चुनाव प्रचार में लगी हैं. इस बीच AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने महाराष्ट्र के अकोला में रैली की. अकोला की जनसभा में असदुद्दीन ओवैसी ने देश में मुस्लिमों के खिलाफ हुई हिंसा का मुद्दा उठाया, ओवैसी ने कहा कि सिर्फ वोटर बनने से मुसलमानों को कोई फायदा नहीं होगा.
महाराष्ट्र में नगरीय निकाय चुनाव से ठीक एक दिन पहले ‘मुख्यमंत्री लड़की बहिन योजना’ की किश्त जारी करने को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है. कांग्रेस ने इसे आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन बताते हुए राज्य चुनाव आयोग का दरवाजा खटखटाया है. वहीं सरकार ने आरोपों को खारिज करते हुए इसे निरंतर चलने वाली कल्याणकारी योजना बताया है.
महाराष्ट्र में स्थानीय निकाय चुनाव के मद्देनजर राजनीतिक परिवारों के फिर से एक जुट होने की प्रक्रिया चल रही है. उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने बताया कि स्थानीय नेतृत्व और कार्यकर्ताओं के बीच सकारात्मक संवाद जारी है. चुनाव में गठबंधन की संभावना पर उन्होंने कहा कि मीडिया में चर्चा है लेकिन अभी कोई आधिकारिक निर्णय नहीं लिया गया है. उन्होंनें क्षेत्रीय विकास, भ्रष्टाचार के आरोपों और चुनावी रणनीतियों पर भी अपने विचार साझा किए. महाराष्ट्र की राजनीति में बदलाव, गठबंधन की संभावनाएं और आगामी चुनाव पर विस्तार से चर्चा की गई.