चिकनगुनिया वायरस- Chikungunya लोगों के बीच दो प्रकार के मच्छरों द्वारा फैलता है- एडीज एल्बोपिक्टस और एडीज एजिप्टी. ये मच्छर ज्यादातर दिन के दौरान काटते हैं. यह वायरस पक्षियों और चूहों सहित कई जानवरों में फैल सकता है.
चिकनगुनिया एक प्रकार का संक्रमण है, इसके लक्षणों में बुखार और जोड़ों का दर्द शामिल हैं. इसका आमतौर पर एक्सपोजर के दो से बारह दिन बाद पता चलता हैं. चिकनगुनिया में असहनीय सिरदर्द, जोड़ों में सूजन और दाने हो सकते हैं. आमतोैर पर ईलाज शुरू होने के एक सप्ताह के भीतर सुधार होने लगता हैं. हालांकि, कभी-कभी जोड़ों का दर्द महीनों या वर्षों तक बना रह सकता है- Chikungunya Symptoms.
इसमें मृत्यु का जोखिम 1,000 में से लगभग 1 है. निदान या तो वायरस के आरएनए या वायरस के प्रति एंटीबॉडी के लिए ब्लड टेस्ट करके होता है.
भारतीय स्टार गेंदबाज युजवेंद्र चहल को डेंगू और चिकनगुनिया एक साथ होने की खबर सामने आई है. चहल ने 18 दिसंबर को कंफर्म किया कि डेंगू और चिकनगुनिया होने की वजह से वो क्रिकेट से दूर हैं.
Delhi में मलेरिया और चिकनगुनिया के मामले 6 साल के उच्च स्तर पर पहुंच गए, जबकि डेंगू का खतरा भी कम नहीं हुआ है.
ब्राजील में दुनिया की सबसे बड़ी 'मच्छर फैक्ट्री' खुली, जो वोल्बैकिया बैक्टीरिया से संक्रमित मच्छर बनाती है. ये मच्छर डेंगू, जिका और चिकनगुनिया रोकते हैं. हर हफ्ते 10 करोड़ अंडे तैयार होंगे, जो 1.4 करोड़ लोगों को बचाएंगे. कुरितिबा में शुरू यह फैक्ट्री ब्राजील के स्वास्थ्य मंत्रालय के साथ काम करती है.
Brazil ने खोली “मच्छरों की सुपर फैक्ट्री” ये मच्छर 1.4 करोड़ लोगों को डेंगू से बचाएंगे, जानिए कैसे
China hit by worst outbreak in 20 years: चीन में चिकनगुनिया का सबसे बड़ा प्रकोप देखने मिल रहा है. वहां पर 3100 से अधिक मामले सामने आए हैं. आखिरकार चीन में चिकनगुनिया के फैलने के क्या कारण माने जा रहे हैं, इस बारे में जानेंगे.
डीएमसी अधिनियम के तहत मलेरिया और अन्य वेक्टर जनित रोगों के उपनियमों के प्रावधान के तहत, 97,397 कानूनी नोटिस, 32,384 चालान और 7,929 जुर्माने लगाए गए हैं. बार-बार मच्छरों का प्रजनन मिलने पर दोषियों के खिलाफ पुलिस शिकायत भी दर्ज की जाएगी.
आपके कूलर में पनप रहे हैं जानलेवा मच्छर…बारिश के मौसम में कूलर के ठहरे हुए पानी में डेंगू और चिकनगुनिया जैसी बीमारियों को फैलाने वाले मच्छर पनपते है. इसलिए इस मौसम में कूलर को साफ रखना बेहद ज़रूरी है…
बारिश के मौसम में कूलर के ठहरे हुए पानी में डेंगू और चिकनगुनिया जैसी बीमारियों को फैलाने वाले मच्छर पनपते है. इसलिए कूलर को सही तरीके से साफ रखना बेहद जरूरी है.