बुर्ज खलीफा (Burj Khalifa) दुनिया की सबसे ऊंची इमारत है, जो दुबई, (United Arab Emirates) में स्थित है. इसकी कुल ऊंचाई लगभग 829.8 मीटर है. इसने ताइपे 101 का रिकॉर्ड तोड़ा. इसका निर्माण 2004 में शुरू हुआ था और करीब 5 साल में इसका बाहरी हिस्सा तैयार हुआ. 4 जनवरी 2010 को इसे आधिकारिक रूप से खोल दिया गया. यह इमारत “डाउनटाउन दुबई” नाम के बड़े प्रोजेक्ट का हिस्सा है, जिसे शहर का एक मुख्य आकर्षण बनाने के लिए बनाया गया.
बुर्ज खलीफा का डिजाइन एक मशहूर आर्किटेक्चर फर्म स्किडमोर, ओविंग्स एंड मेरिल ने तैयार किया है. इसकी Y-शेप डिजाइन इसे मजबूत बनाती है और अंदर ज्यादा जगह देने में मदद करती है. इस बिल्डिंग में कुल 57 लिफ्ट और 8 एस्केलेटर हैं. इतनी ऊंचाई पर भी यह इमारत दुबई की तेज गर्मी को सहन कर सके, इसके लिए खास क्लैडिंग सिस्टम लगाया गया है.
बुर्ज खलीफा का नाम यूएई के पूर्व राष्ट्रपति खलीफ़ा बिन ज़ायद अल नाहयान के नाम पर रखा गया. जब दुबई को आर्थिक संकट के समय मदद की जरूरत पड़ी, तब उन्होंने आर्थिक सहायता दी. उसी सम्मान में दुबई के शासक मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम ने इसका नाम “बुर्ज दुबई” से बदलकर “बुर्ज खलीफा” रख दिया. यह इमारत सिर्फ एक बिल्डिंग नहीं है, बल्कि आधुनिक इंजीनियरिंग और इंसानी मेहनत का एक शानदार उदाहरण है. आज यह दुबई की पहचान बन चुकी है और हर साल लाखों पर्यटक इसे देखने आते हैं.
उस शख्स के पास कितना पैसा होगा, जिसने दुनिया की सबसे ऊंची बिल्डिंग बुर्ज खलीफा बनवाया? जानते हैं कौन है वो शख्स और उनके पास कितना पैसा और प्रॉपर्टी है.
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दुनिया की सबसे ऊंची इमारत 'बुर्ज खलीफा' बनाने वाली कंपनी एम्आर प्रॉपर्टीज के संस्थापक मोहम्मद अलब्बार ने भारतीय पेशेवरों के अनुशासन और समर्पण की जमकर तारीफ की है.