दुनियाभर में पिछले सप्ताह साइबर हैकरों द्वारा किए गए रैनसमवेयर हमले की शिकार जापान की 600 कंपनियां भी हुई हैं, जिनमें इलेक्ट्रॉनिक्स दिग्गज Hitachi और ऑटो मेकर Nissan भी शामिल हैं. अधिकारियों ने सोमवार को रैनसमवेयर साइबर हमले की पुष्टि की.
जापान कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पांस टीम कोऑर्डिनेशन सेंटर के अनुसार, के करीब कंप्यूटर रैनसमवेयर वायरस 'वानाक्राई' का शिकार हुए हैं. समाचार एजेंसी EFE ने हिताची के हवाले से कहा है कि रैनसमवेयर हमले के चलते कंपनी की ईमेल सेवा बाधित हुई है.
निसान मोटर ने भी बयान जारी कर कहा कि उनके कुछ प्लान्ट्स को साइबर हमले का निशाना बनाया गया, हालांकि प्लान्ट्स में कामकाज पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा है.ओसाका के सिटी काउंसिल की वेबसाइट सोमवार को सुबह 10.0 बजे क्रैश कर गई और अभी भी वे इसे बहाल करने में लगे हुए हैं.
जापान की वित्तीय सेवा एजेंसी ने इस बीच बैंकों और बीमा सहित सभी घरेलू वित्तीय संस्थानों और सुरक्षा संस्थानों से सतर्क रहने के लिए कहा है.हैकर 'वानाक्राई' नाम के रैनसमवेयर वायरस के जरिए हमला कर किसी कंप्यूटर में सुरक्षित फाइलें ब्लॉक कर देते हैं और फाइलें दोबारा हासिल करने के लिए डिजिटल मुद्रा 'बिटकॉइन' में फिरौती की रकम मांगते हैं.
इस वायरस के हमले का दुनिया के शिकार हुए हैं, जिसमें इंग्लैंड की राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवा, फ्रांस और स्पेन की कई बड़ी कंपनियां, जर्मनी का सबसे बड़ा रेल नेटवर्क, रूस के सरकारी कार्यालय और चीन और ताइवान के विश्वविद्यालय शामिल हैं.