मैदान पर दनादन गोल दाग दिग्गज खिलाड़ी लियोनेल मेसी की बराबरी करने वाले सुनील छेत्री ने स्वीकार किया है कि समय के साथ वह बूढ़े होते जा रहे हैं और इसी कारण काफी भावुक भी हो गए हैं. छेत्री का कहना है कि इसका असर उन पर दिख भी रहा है.
के पहले पहले मैच में चीनी ताइपे के खिलाफ जब दर्शक मैदान पर बेहद कम थे, तो छेत्री उदास हो गए थे और उन्होंने इसी उदासी में भावुक होकर अगले दिन एक वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया था, जिसमें उन्होंने हाथ जोड़ते हुए दर्शकों से अपील की थी कि वो मैदान पर आएं.
इस वीडियो को सोशल मीडिया पर अच्छी खासी तवज्जो मिली थी और भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली, क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर से लेकर कई दिग्गजों ने छेत्री का समर्थन किया था.
This is nothing but a small plea from me to you. Take out a little time and give me a listen.
— Sunil Chhetri (@chetrisunil11)
छेत्री की अपील के बाद केन्या के खिलाफ अगले मैच में स्टेडियम दर्शकों से खचाखच भरा था. इस मैच में भी भारत ने जीत हासिल की थी और मैच खत्म होने के बाद छेत्री ने पूरी टीम के साथ मैदान का चक्कर लगाया था और हाथ जोड़कर इस शानदार समर्थन के लिए आभार जताया था. इस दौरान भी छेत्री काफी भावुक हो गए थे.
फाइनल के दिन मुंबई में हुई बारिश के बाद भी अच्छे खासे लोग मैदान में पहुंचे थे. छेत्री की कप्तानी में भारत ने रविवार को केन्या को 2-0 से हराकर इंटरकॉन्टिनेंटल कप जीता था. दोनों गोल छेत्री ने ही किए. इस टूर्नामेंट में छेत्री ने एक हैट्रिक सहित कुल आठ गोल दागे.
The moment put the ball in the back of the net 😍
— Indian Super League (@IndSuperLeague)
राष्ट्रीय राजधानी में आयोजित एक कार्यक्रम में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 64 गोल करने वाले छेत्री ने कहा, 'मैं बूढ़ा हो रहा हूं. उम्र 30 के पार हो चुकी है. कुछ न मिले, तो वीडियो बना देता हूं. जिस दिन वो वीडियो बनाया उस दिन ब्रेकफास्ट नहीं किया था. खाली बैठा था तो वीडियो बना दिया. डालने से पहले अपने पीआर वालों से पूछा नहीं, पूछता तो वे मना कर देते. शादी हो गई है, समय के साथ बूढ़ा हो रहा हूं, इसीलिए भावनाओं में बह जाता हूं.'