Easter Sunday 2026: आज दुनिया भर में ईस्टर संडे (Easter Sunday) का त्योहार बड़ी धूमधाम से मनाया जा रहा है. ईसाई धर्म में यह दिन बहुत खास है क्योंकि माना जाता है कि इसी दिन प्रभु यीशु (Jesus) मौत पर जीत हासिल कर दोबारा जीवित हुए थे. ईस्टर के दिन हर तरफ रंग-बिरंगे अंडे और चॉकलेट दिखाई देते हैं. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि प्रार्थना के इस दिन 'अंडों' का क्या काम? आइए जानते हैं.
1. अंडा: नए जीवन की पहचान
अंडा बाहर से देखने में पत्थर जैसा सख्त और बेजान लगता है, लेकिन उसके अंदर एक नन्हा सा जीवन (चूजा) पल रहा होता है. ईसाई मान्यताओं में अंडा प्रतीक है जिसमें प्रभु यीशु को रखा गया था. जिस तरह चूजा अंडे को तोड़कर बाहर आता है, वैसे ही यीशु भी मौत को हराकर बाहर आए थे. इसलिए, अंडा 'नए जीवन' और 'उम्मीद' का संदेश देता है.
2. क्यों रंगे जाते हैं अंडे?
शुरुआत में लोग अंडों को सिर्फ लाल रंग से रंगते थे. लाल रंग उस बलिदान (खून) की याद दिलाता था जो यीशु ने लोगों की भलाई के लिए दिया था. आजकल लोग इसे खुशी के प्रतीक के रूप में नीले, पीले और सुनहरे जैसे कई सुंदर रंगों से सजाते हैं. अब तो बाजारों में असली अंडों की जगह लकड़ी, प्लास्टिक और स्वादिष्ट चॉकलेट वाले अंडे भी खूब मिलते हैं.
3. 'एग हंट' का मजेदार खेल
ईस्टर के दिन बच्चों के लिए 'एग हंट' का खेल होता है. बड़े लोग घर के कोनों या बगीचों में चॉकलेट और तोहफों से भरे अंडे छिपा देते हैं और बच्चे उन्हें ढूंढते हैं. यह खेल उस 'खोज' की याद दिलाता है जब यीशु के अनुयायी उनकी खाली कब्र को देखकर हैरान और खुश हो गए थे.
4. ईस्टर संडे 2026 की खास बातें
तारीख: इस साल ईस्टर 5 अप्रैल 2026 को मनाया जा रहा है.आज के दिन लोग सुबह चर्च जाकर प्रार्थना करते हैं, नए कपड़े पहनते हैं और एक-दूसरे को 'हैप्पी ईस्टर' कहकर मिठाई और अंडे बांटते हैं.