राजस्थान के पाली जिले से ईमानदारी की एक ऐसी कहानी सामने आई है, जिसने लोगों का दिल जीत लिया है. जहां आज के दौर में छोटी-छोटी चीजों के लिए भी विवाद हो जाते हैं, वहीं एक अनाज व्यापारी ने लाखों रुपये के गहने मिलने के बावजूद लालच नहीं किया और उन्हें सुरक्षित उनके असली मालिक को लौटा दिया. व्यापारी की इस ईमानदारी की पूरे इलाके में चर्चा हो रही है.
गेहूं के कट्टे में 15 लाख के जेवर
यह मामला पाली जिला मुख्यालय से करीब 30 किलोमीटर दूर स्थित खैरवा गांव का है. यहां के रहने वाले अनाज व्यापारी मांगू खान ने गांव के किसान घीसाराम घांची से करीब 15 दिन पहले गेहूं के दो कट्टे खरीदे थे. दोनों कट्टों का वजन करीब 50-50 किलो बताया जा रहा है. उस समय किसी को भी अंदाजा नहीं था कि इन गेहूं के कट्टों के भीतर कीमती गहने भी छिपे हुए हैं.
टिफिन में रखे थे गहने
बताया जा रहा है कि किसान की पत्नी ने घर में रखे सोने-चांदी के गहनों को सुरक्षित रखने के लिए उन्हें एक टिफिन में रखकर गेहूं के कट्टे में छिपा दिया था. हालांकि बाद में वह बात परिवार को याद नहीं रही और अनजाने में वही गेहूं के कट्टे व्यापारी को बेच दिए गए.
जब व्यापारी मांगू खान ने अपनी दुकान पर कट्टे खोले और गेहूं निकालना शुरू किया, तो उसमें से एक टिफिन मिला. टिफिन खोलकर देखा तो उसमें सोने और चांदी के गहने रखे हुए थे, जिनकी कीमत करीब 15 लाख रुपये बताई जा रही है.
मांगू खान ने दिखाई ईमानदारी
इतनी बड़ी रकम के गहने मिलने के बावजूद मांगू खान ने ईमानदारी का रास्ता चुना. उन्होंने तुरंत किसान घीसाराम घांची को अपनी दुकान पर बुलाया और पूरे मामले की जानकारी दी. इसके बाद उन्होंने सभी गहने सुरक्षित किसान को वापस सौंप दिए. अपने गहने वापस मिलते ही किसान की आंखों में खुशी के आंसू आ गए. उन्होंने व्यापारी का आभार जताया और उसकी ईमानदारी की जमकर सराहना की.