हर कुंवारी लड़की की यही ख्वाहिश होती है कि उसे मनचाहा वर मिले. नारायणम् नमस्कृत्य, नरं चैव नरोत्तमम्, देवी सरस्वती व्यासम्, ततो जयमुदीरयेत्.  इस मंत्र का जाप करने से भगवान उनकी मुराद को पूरी कर देते हैं.