How To Dye Hairs Without Color: आजकल के बिगड़े खानपान और लाइफस्टाइल का असर लोगों की स्किन के साथ ही बालों पर भी देखने को मिल रहा है. छोटी उम्र में ही बाल सफेद होने लगे हैं, जिसकी वजह से बच्चों से लेकर बड़े तक टेंशन में आ जाते हैं. बालों में एक-दो सफेद लटें दिखते ही ज्यादातर लोग घबरा जाते हैं और तुरंत हेयर डाई का सहारा लेने लगते हैं. शुरुआत में तो केमिकल वाले हेयर कलर बालों को अच्छा लुक दे देते हैं, लेकिन बार-बार इनके इस्तेमाल करने से बाल अपनी नेचुरल चमक खोने लगते हैं. कई लोगों के बाल केमिकल्स से भरे हेयर कलर का इस्तेमाल करने की वजह से बुरी तरह रूखे हो जाते हैं, टूटने लगते हैं और उनके स्कैल्प में खुजली जैसी समस्याएं भी होने लगती हैं. ऐसे में अक्सर मन में सवाल आता है कि क्या बिना महंगे और केमिकल भरे हेयर डाई के भी बालों को रंगा जा सकता है?
अगर आपके मन में भी सवाल आता है, तो इसका जवाब हां है. आपके घर में मौजूद कई ऐसी नेचुरल चीजें हैं, जो बालों को रंगने के साथ-साथ उन्हें मुलायम, चमकदार और हेल्दी बनाने में भी काम आ सकती हैं. अगर आप भी बार-बार हेयर डाई लगाने से परेशान हैं, तो ये आसान घरेलू उपाय आपके काफी काम आ सकते हैं.
चायपत्ती और आंवला से तैयार करें नेचुरल कलर: अगर आप बालों को हल्का काला या ब्राउन टोन देना चाहते हैं, तो चायपत्ती का पानी आपके काफी काम आ सकता है. इसके लिए चायपत्ती को पानी में अच्छी तरह उबाल लें. फिर इसमें आंवला पाउडर और थोड़ी मेहंदी मिलाकर लोहे की कड़ाही में कुछ देर पकाएं. इसे पहले अच्छे से ठंडा होने दें. उसके बाद इसे बालों में लगाएं और करीब एक घंटे बाद धो लें. इससे बालों में नेचुरल डार्क शेड आ सकता है.
गुड़हल के फूल भी हैं बालों के दोस्त: गुड़हल के आपके बालों के लिए वरदान साबित हो सकते हैं. ये सिर्फ बालों को पोषण ही नहीं देते, बल्कि उनकी रंगत भी बेहतर बना सकते हैं. इसके लिए गुड़हल के फूल और पत्तियों का पेस्ट बनाकर उसमें चायपत्ती का पानी और आंवला मिलाएं. इस पेस्ट को बालों में 40-50 मिनट तक लगाकर रखें और फिर धो लें. इससे बालों में हल्की नेचुरल शाइन और रंग दिखाई दे सकता है.
कॉफी और ब्लैक टी भी कर सकते हैं मदद: अगर आप बालों को गहरा काला ना करके ब्राउन टोन देना चाहते हैं, तो कॉफी और ब्लैक टी आपके लिए अच्छे ऑप्शन साबित हो सकते हैं. एक्सपर्ट्स के मुताबिक स्ट्रॉन्ग ब्लैक टी या कॉफी का इस्तेमाल बालों को हल्का डार्क शेड देने में मदद कर सकता है. हालांकि इसका असर धीरे-धीरे दिखता है और इसे रेगुलर इस्तेमाल करना पड़ता है.
ये नेचुरल चीजें बालों के लिए केमिकल डाई से ज्यादा अच्छी मानी जाती हैं. क्योंकि इनमें किसी भी तरह के हार्श केमिकल्स नहीं होते हैं, लेकिन हर किसी के बालों पर इनका असर अलग हो सकता है. इसलिए कोई भी नई चीज बालों पर लगाने से पहले पैच टेस्ट जरूर करें. साथ ही, अगर बाल पहले से बहुत ज्यादा डैमेज हैं या स्कैल्प में कोई समस्या है, तो एक्सपर्ट की सलाह लेना अच्छा रहता है.
अगर आप अपने बालों को हेल्दी रखना चाहते हैं तो उसके लिए सिर्फ कलर काफी नहीं है. बैलेंस्ड डाइट, खूब सारा पानी, स्ट्रेस कम करना और नियमित तेल करना मालिश भी जरूरी है.