
सड़क किनारे रेहड़ी पर मिलने वाली चाय का एक घूंट लेते ही सारी थकान मिट जाती है. रिसर्च के मुताबिक, भारत में लगभग 75–80% परिवार चाय को नियमित रूप से पीते हैं. 2025 में सर्वे बेस्ड स्टडी में बताया गया कि भारत में लगभग 65% से अधिक लोग चाय रोजाना पीते हैं, जबकि बाकी लोग चाय को कभी‑कभार या बिल्कुल नहीं पीते. इस बात से आप अंदाजा लगा सकते हैं कि भारत में चाय को कितना पसंद किया जाता है.
आपने गौर किया होगा कि घर पर हम चाहे जितनी मेहनत कर लें, वो टपरी वाला सोंधापन और बैलेंस नहीं मिल पाता. कई लोग मानते हैं कि ज्यादा उबालने से चाय अच्छी बनती है, लेकिन असलियत इसके ठीक उलट है. चाय बनाने का एक खास तरीका है जिसे सालों से चाय बेचने वाले 'भैया' बखूबी समझते हैं.
मेरे ऑफिस के सामने एक चाय वाले भैया रेहड़ी लगाते हैं. मैंने देखा कि उनके पास लोगों की लाइन लगी होती है. मैंने जब उनसे पूछा तो उन्होंने बताया चाय में अदरक, इलायची और चाय पत्ती के साथ-साथ चीनी का रोल सबसे अहम होता है. यदि सही समय पर चीनी डालते हैं तो चाय का टेस्ट और अधिक बढ़ जाता है.
ज्यादातर घरों में पानी उबलते ही उसमें चाय पत्ती और चीनी साथ डाल दी जाती है. रेहड़ी वाले भैया बताते हैं कि यह सबसे बड़ी गलती है. चाय में चीनी हमेशा सबसे आखिरी में डालनी चाहिए. जब चाय पूरी तरह पक जाए और उसमें दूध का रंग अच्छी तरह चढ़ जाए, तब चीनी डाली जाती है.

इसके पीछे एक गहरा लॉजिक है. चीनी को चाय पत्ती के साथ ज्यादा देर तक उबालने से उसमें एक अजीब सी कड़वाहट आ जाती है, जिससे चाय का असली फ्लेवर दब जाता है.
जब आप चीनी को शुरुआत में ही डाल देते हैं, तो वह चाय पत्ती के टैनिन के साथ रिएक्ट करती है. ज्यादा देर तक आंच पर रहने के कारण चीनी जलने जैसी स्थिति में पहुंच जाती है और चाय 'ओवर-कुक्ड' लगने लगती है.
टपरी पर चाय पत्ती, अदरक को डालकर पानी में उबाला जाता है और फिर उसमें दूध डालकर उबाला जाता है. जब चाय का रंग आ जाता है, तब आखिरी में चीनी डालते हैं और एक हल्का उबाल दिया जाता है. इससे मिठास बरकरार रहती है और चाय कड़वी नहीं होती.
चीनी के अलावा रेहड़ी की चाय की एक और खासियत है उसका बर्तन और आंच. लोहे या पीतल के बड़े पतीले में चाय धीरे-धीरे पकती है. अगर आप घर पर वैसा ही स्वाद चाहते हैं तो अदरक को कूटकर पानी में तब डालें जब वो उबल रहा हो.
चाय पत्ती डालने के बाद उसे ढककर 3-4 मिनट पकाएं और फिर दूध डालें. अंत में चीनी डालकर गैस बंद कर दें. इस तरीके से बनी चाय आपको सीधे आपके पसंदीदा चाय वाले की याद दिला देगी.