समुद्र के बीच एक ऐसा द्वीप है, जहां सिर्फ एक खतरनाक प्रजाति के सांप ही रहते हैं. सांपों के साम्राज्य वाले इस द्वीप पर इंसानों का जाना बैन कर दिया गया है. क्योंकि, वहां कदम रखते ही आप सांप का शिकार बन सकते हैं. ऐसे में जानते हैं कि इस द्वीप का नाम क्या है और यह कहां है? साथ ही यहां रहने वाले सांप किस प्रजाति के होते हैं?
यहां बात हो रही है 'स्नैक आइलैंड' यानी 'इल्हा दा क्वेमाडा ग्रांडे' की. इस द्वीप को स्नेक आइलैंड इसलिए कहा जाता है, क्योंकि यह हजारों जहरीले सांपों का घर है. यह दक्षिणी ब्राजील के तट से दूर स्थित एक छोटा, चट्टानी द्वीप है. इसका क्षेत्रफल आधे वर्ग किलोमीटर से भी कम है, फिर भी यहां 2,000 से भी ज्यादा अत्यंत विषैले गोल्डन लांसहेड वाइपर सांप पाए जाते हैं.
यहां सिर्फ एक ही प्रजाति के रहते हैं सांप
वैज्ञानिकों का मानना है कि आज से लगभग 11,000 साल पहले जब समुद्र का जलस्तर बढ़ने से यह द्वीप मुख्य अमेरिकी धरती से अलग हुआ, तो गोल्डन लांसहेड वाइपर सांप इस जगह फंस गए. तब से इस द्वीप पर रहने वाले अन्य छोटे जीव जंतुओं और पक्षियों की संख्या एकदम से नगण्य हो गई है और यहां सिर्फ और सिर्फ लांसहेड वाइपर ही रह रहे हैं.
ये सांप यहां आने वाले प्रवासी पक्षियों को खाकर अपना जीवन यापन करने लगे. शायद यही कारण है कि इनका जहर इतना घातक होता है. जहां अन्य विषैले सांप अपने शिकार को काटकर उसका पीछा करते हैं, वहीं गोल्डन लांसहेड वाइपर को अपने शिकार को उड़ने से पहले ही तुरंत मार देते हैं.
40 साल पहले इंसानों का वहां जाना हो गया है था बैन
1985 में, ब्राजील के अधिकारियों ने इस द्वीप को संरक्षित इकोसिस्टम घोषित कर दिया. ताकि इस सांप की रक्षा की जा सके, जो केवल यहीं पाया जाता है और कहीं नहीं. तब से यह द्वीप आम जनता के लिए बंद है, जो कि उचित ही है. हालांकि इस विशेष विषैले सांप के विष से होने वाली मृत्यु दर के बारे में कोई आंकड़े उपलब्ध नहीं हैं. क्योंकि, दशकों से इस द्वीप पर कोई इंसान नहीं गया है.
फिर भई उत्तरी या दक्षिणी अमेरिका में अन्य लांसहेड सांपों की प्रजातियां किसी भी अन्य सांप के समूह की तुलना में सबसे अधिक मनुष्यों की मृत्यु का कारण बनती हैं. इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि लांस हेड वाइपर कितना जहरीला होगा.