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UCC की गंगा देवभूमि से निकली है, सभी राज्यों को लाभ मिलेगा: CM धामी

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि 21वीं सदी का तीसरा दशक उत्तराखंड का दशक हो. इसके लिए वे राज्य का मुख्य सेवक के नाते एक-एक क्षण, एक-एक पल समर्पित करने को तैयार हैं. 

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सीएम धामी ने कहा कि UCC को लेकर शंकाएं बेवजह थीं. (Photo: ITG/ चंद्रदीप कुमार)
सीएम धामी ने कहा कि UCC को लेकर शंकाएं बेवजह थीं. (Photo: ITG/ चंद्रदीप कुमार)

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) की गंगा देवभूमि से निकली है और आने वाले दिनों में सभी राज्यों को इसका लाभ मिलेगा. आजतक के कार्यक्रम विकसित उत्तराखंड के मंच पर सीएम धामी ने कहा कि राज्य में यूसीसी बनने का असली श्रेय यहां की जनता को जाता है, जिन्होंने लगातार दो बार बीजेपी को सेवा करने का मौका दिया. 

UCC की कहानी बताते हुए सीएम धामी ने कि 2022 में जब हम चुनाव में गए तो 12 फरवरी 2022 को मैंने घोषणा की हमारी सरकार बनते ही हम UCC का कानून बनाएंगे. 

उन्होंने कहा, "उत्तराखंड में एक मिथक बना हुआ था कि यहां हर बार चुनाव होता है और सरकार बदल जाती है. तो उत्तराखंड में UCC लागू करने का श्रेय मैं जनता को देता हूं. जनता ने ये परिपाटी तोड़ी और पहली बार हमें फिर से सरकार में आने का मौका दिया. और अपने पहले मंत्रिमंडल की बैठक में UCC पर फैसला लिया और सभी से चर्चा करने के बाद, धार्मिक संगठनों से मिलने के बाद UCC का ड्राफ्ट बना और विधानसभा से पारित करने के बाद ये कानून बना. शुरूआत में बहुत सारी अफवाहें थीं, शंकाएं थी, कुछ लोगों ने कहा कि कुछ विशेष लोगों को टारगेट किया जा रहा है. कुछ लोगों ने भ्रांति फैलाने की कोशिश की. एक साल से ज्यादा होने के बाद ये सफलतापूर्वक चल रहा है. 

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सीएम ने कहा कि जिस दिन हम यहां इस कानून को लागू कर रहे थे. तो हमने कहा था कि देवभूमि उत्तराखंड से मां गंगा निकलती है और पूरे देश को जल और जीवन देती है. इसी प्रकार UCC की ये जो गंगा है वो देवभूमि उत्तराखंड से निकली है और आने वाले समय में सभी राज्यों को इसका लाभ मिलेगा. गुजरात में भी ये विधेयक पारित हो गया है. 

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चारधाम यात्रा पर सीएम ने कहा कि तीर्थयात्री हमारे अतिथि हैं, उनकी सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है. इसके लिए पिछली यात्रा खत्म होने के बाद ही तैयारी शुरू कर दी गई थी. तीर्थयात्रियों के अनिवार्य पंजीकरण के सवाल पर सीएम धामी ने कहा कि उत्तराखंड में आने वाला कोई भी श्रद्धालु बिना दर्शन के वापस नहीं जाएगा. हम इसे लेकर अड़ियल नहीं है. हम कोई भी काम सभी से बात करके करेंगे. 

दूसरे धर्म के लोगों को धार्मिक स्थलों में एंट्री पर उन्होंने कहा कि यात्रा जैसे पहले चलती आई है वैसी ही चलती रहेगी. इसमें कोई व्यवधान नहीं होगा.

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सीएम धामी ने उत्तराखंड से पीएम मोदी के लगाव पर कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने सालों साल देवभूमि में तपस्या की, यहां से उनका विशेष जुड़ाव है. वे देश के सबसे अंतिम गांव माणा गांव जाकर वहां से उदघोषणा करते हैं कि माणा गांव अब देश का अंतिम नहीं देश का पहला गांव है.   

सीएम धामी ने कहा कि हरिद्वार का आने वाला कुंभ सुव्यवस्थित हो, लोगों को आध्यात्मिक अनुभव मिले, देवभूमि की यादें उनके साथ बनी रहे, इसके लिए सरकार प्रयास कर रही है. 

अपने कार्यकाल का मैसेज देते हुए सीएम पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि पीएम ने केदारधाम से उद्घोष किया था कि 21वीं सदी का तीसरा दशक उत्तराखंड का दशक होगा. मैं चाहता हूं कि ये दशक उत्तराखंड का दशक हो, इसके लिए राज्य के मुख्य सेवक के नाते एक-एक क्षण एक-एक पल देवभूमि को शिखर पर ले जाने के लिए समर्पित है. 
 

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