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UP: बहराइच में राज ठाकरे के स्वागत के सवाल पर भड़के BJP सांसद, नहीं दिया कोई जवाब

यूपी के बहराइच जिले (UP Bahraich) में कैसरगंज से BJP सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने एक बार फिर उत्तर भारतीय मुद्दे को लेकर राज ठाकरे पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि राज ठाकरे जब तक माफी नहीं मांगते, तब तक वे यूपी में नहीं घुस पाएंगे. सांसद से जब बहराइच में महारानी पद्मावती संगठन द्वारा महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) प्रमुख राज ठाकरे के समर्थन का जिक्र किया गया तो वो भड़क गए.

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BJP सांसद बृजभूषण शरण सिंह. (File Photo) BJP सांसद बृजभूषण शरण सिंह. (File Photo)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • उत्तर भारतीय मुद्दे पर राज ठाकरे को दी थी चुनौती
  • सांसद ने राज ठाकरे को 'कालनेमि' कहकर किया था संबोधित

उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले (UP Bahraich) में कैसरगंज से BJP सांसद ने आज फिर उत्तर भारतीय मुद्दे पर राज ठाकरे को UP में नहीं घुसने देने की बात दोहराई. वहीं जब BJP सांसद से बहराइच में महारानी पद्मावती संगठन द्वारा महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) प्रमुख राज ठाकरे के समर्थन का जिक्र किया गया तो वे भड़क गए. उन्होंने इस पर कोई जवाब नहीं दिया. वहीं बीजेपी सांसद ने एक बार फिर अपनी बात को दोहराते हुए कहा कि जब तक राज ठाकरे माफी नहीं मांगते, तब तक वे अयोध्या तो क्या यूपी की किसी सीमा को छू तक नहीं सकते.

इससे पूर्व जब भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह से सवाल किया गया कि डिप्टी सीएम केशव मौर्य ने राज ठाकरे के अयोध्या आने का विरोध नहीं किया, बल्कि उन्होंने कहा कि मुलायम और अखिलेश भी दर्शन कर सकते हैं तो सांसद का कहना था कि वे इस बात पर विश्वास नहीं करेंगे. उनका इससे कोई लेना देना नहीं है. बता दें कि सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने राज ठाकरे को कालनेमि और दुष्ट बताते हुए मंच से चैलेंज दिया था कि राज ठाकरे को अयोध्या में घुसने नहीं दूंगा. उन्होंने कहा था कि राज ठाकरे हिंदूवादी नहीं कालनेमि हैं.

राज ठाकरे के खिलाफ आखिर बीजेपी सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने क्यों खोल रखा है मोर्चा?

भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह का कहना है कि जब तक महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) प्रमुख राज ठाकरे माफी नहीं मांगते, वह अयोध्या तो क्या, उत्तर प्रदेश की किसी भी सीमा को छू तक नहीं सकते. सांसद ने अपने फैसले पर अडिग रहते हुए इससे पीछे नहीं हटने की बात कही. भाजपा सांसद ने अपने फैसले को तुलसीदास के दोहे के साथ दोहराया. उन्होंने कहा कि रघुकुल रीति सदा चलि आई, प्राण जांय पर वचन न जाई.

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