scorecardresearch
 

पठानकोट हमला: आखिर क्यों पलटा पाकिस्तान?

सरकारी सूत्रों के हवाले से खबर है‍ कि भारत ने पठानकोट एयरबेस पर हमला करने वाले पाकिस्तानी आतंकियों के साथ ही उनके आकाओं की पहचान भी कर ली है.

पठानकोट में पाकिस्तानी जेआईटी के सदस्य पठानकोट में पाकिस्तानी जेआईटी के सदस्य

पठानकोट हमला मामले की जांच के लिए पाकिस्तान से JIT भारत आई तो जरूर, लेकिन वापस वतन लौटते ही उसने अपना पाला बदल लिया. जेआईटी ने कहा कि उसे पठानकोट में ऐसे कोई सबूत नहीं मिले जो यह साबित कर सकें कि हमले में पाकिस्तानी सरजमीं का इस्तेमाल हुआ. जबकि सूत्रों के हवाले से खबर है कि भारत के पास फॉरेंसिक और इलेक्ट्रॉनिक सबूत के तौर पर ऐसे पुख्ता सबूत हैं, जिन्हें पाकिस्तान नकार नहीं सकता.

सरकारी सूत्रों के हवाले से खबर है‍ कि भारत ने पठानकोट एयरबेस पर हमला करने वाले पाकिस्तानी आतंकियों के साथ ही उनके आकाओं की पहचान भी कर ली है. बताया जाता है कि भारत ने जेआईटी को मौलाना मसूद अजहर, उसके भाई रउफ और आतंकियों के हैंडलर कासिफ जान की बातचीत का पूरा इलेक्ट्रॉनिक सबूत सौंपा है. यही नहीं, भारत ने जब JIT को 4 आतंकियों के नाम और उनके पते सौंपे तो JIT ने उनमें से न सिर्फ आतंकियों की पुष्टि की, बल्कि‍ उनके पाकिस्तान सरजमीन से आने की बात भी स्वीकार की.

तो क्या डर किया है पाक?
पाकिस्तानी जेआईटी भले ही सबूतों के कमजोर होने की बात कह रही हो, लेकिन सच्चाई तो यही है कि एनआईए ने जो सबूत सौंपे हैं वह पुख्ता और पुष्ट हैं. भारत ने पाकिस्तानी JIT को 17 पेज का एक रोडमैप भी दिया है, जिसमें बताया गया है कि हमला मामले की जांच कैसे बढ़ेगी. पाकिस्तान वो रोड मैप को भारत से लेकर भी गई है. उन 17 पन्नों के अलावा NIA ने पाक JIT को डिटेल LR भी दिया है. समझा यह भी जा रहा है कि पाकिस्तान भारतीय जांच दल के जाने के प्रस्ताव को लेकर खौफजदा हो गया और शायद इसलिए उसने अपना रुख बदल लिया.

रिजिजू ने खारिज किया बासित का दावा
दूसरी ओर, गृह राज्य मंत्री किरण रिजिजू ने पाकिस्तानी उच्चायुक्त अब्दुल बासित के उस दावे को खारिज कर दिया है, जिसमें उन्होंने गुरुवार को कहा था कि भारत-पाक वार्ता निलंबित हो गई है. रिजिजू ने कहा, 'पाकिस्तानी उच्चायुक्त ने जो भी कहा वह गलत है. ऐसे बयान से दोनों मुल्कों के रिश्तों पर बुरा प्रभाव पड़ेगा. हम उनके बयान को खारिज करते हैं.'

बता दें कि भारत में पाकिस्तानी उच्चायुक्त अब्दुल बासित ने गुरुवार को कहा, 'मुझे लगता है कि फिलहाल भारत और पाकिस्तान के बीच शांति प्रक्रिया ‘स्थगित’ है. इसमें कोई संदेह नहीं है कि पाकिस्तान भारत के साथ सामान्य और शांतिपूर्ण रिश्ते चाहता है. हम उन सभी से सचेत हैं जो पाकिस्तान में अशांति पैदा करना चाहते हैं और इसे अस्थिर करने में लगे हैं.' दोनों देशों के बीच विदेश सचिव स्तर की वार्ता पर बासित ने कहा कि अभी कोई बैठक तय नहीं है. भारत अभी तक तैयार नहीं है. हम सिर्फ बातचीत से ही मुद्दों को सुलझा सकते हैं.

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें