scorecardresearch
 

‘1974 में मेरा स्कूटर 24 का माइलेज देता था’, स्क्रैप पॉलिसी पर गडकरी को क्यों आई इसकी याद

केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने राज्यसभा में भी वाहन स्क्रैप नीति को लेकर बयान दिया. इस दौरान RJD के मनोज कुमार झा के एक सवाल पर गडकरी को अपने स्कूटर की याद आ गई...

Advertisement
X
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी (फाइल फोटो)
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी (फाइल फोटो)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • ‘स्क्रैप सर्टिफिकेट से नए वाहन खरीद पर 5% की छूट’
  • ‘स्क्रैप पॉलिसी में खत्म नहीं होंगी विंटेज कारें’

केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने राज्यसभा में भी वाहन स्क्रैप नीति को लेकर बयान दिया. इस दौरान RJD के मनोज कुमार झा के एक सवाल पर गडकरी को अपने स्कूटर की याद आ गई...

‘स्क्रैप सर्टिफिकेट से 5% की छूट’
नितिन गडकरी ने कहा कि वाहन स्क्रैप करने के बाद लोगों को स्क्रैपिंग सर्टिफिकेट मिलेगा. इस सर्टिफिकेट को दिखाने पर नए वाहन की खरीद पर ग्राहक को 5% छूट मिलेगी. साथ ही वाहन रजिस्ट्रेशन शुल्क इत्यादि पर भी भारी छूट मिलेगी. इसे लेकर RJD सांसद मनोज कुमार झा ने कहा कि 5% की छूट बहुत कम है और सरकार को इसे 5% से बढ़ाकर 15 से 20% करने के लिए कहा. इस पर गडकरी को अपने कॉलेज के दिनों की याद आ गई और उन्होंने एक किस्सा सुनाया

‘1974 में मेरा स्कूटर 24 का माइलेज देता था’
नितिन गडकरी ने कहा कि कॉलेज के दिनों में उनके पास एक स्कूटर था जो 24 किलोमीटर का माइलेज देता था. अब टेक्नोलॉजी चेंज हो गई और स्कूटर 80 किलोमीटर तक का माइलेज देते हैं.

Advertisement

इतना ही नहीं नागपुर में उन्होंने अपनी बुलेट प्रूफ कार का उपयोग छोड़ दिया है और उसकी जगह इलेक्ट्रिक कार इस्तेमाल करने लगे हैं. इससे पहले उनकी कार का जो खर्च 25,000 रुपये था अब वो घटकर 2,000 रुपये रह गया है. इस तरह नए वाहनों से मध्यम वर्ग को बचत ही बचत होगी. ये नीति गरीब विरोधी नहीं, बल्कि मध्यम और गरीब वर्ग के हित में है.

‘विंटेज कारों का संरक्षण’
कांग्रेस के शक्ति सिंह गोहिल ने सदन में सवाल किया कि क्या विंटेज कारों के लिए स्क्रैप पॉलिसी में विशेष प्रावधान किया गया है. इस पर  नितिन गडकरी ने कहा कि विंटेज कारों को खत्म करने की कोई योजना नहीं है. बल्कि इनका संरक्षण किया जाएगा और इन्हें अलग नंबर दिया जाएगा.

‘GST में लाभ के लिए वित्त मंत्रालय से अनुरोध’
गोहिल ने छोटी कारों के लिए स्क्रैप पॉलिसी में विशेष प्रावधान की बात रखी, ताकि मध्यम वर्ग को मदद मिल सके. इस पर गडकरी ने कहा कि कई वाहन कंपनियां 5% की छूट के लिए भी तैयार नहीं हुईं थी, लेकिन अधिकतर कंपनियों ने इसे स्वीकार किया है. बाजार में प्रतिस्पर्धा के चलते हमें उम्मीद है कि सभी कंपनियां कम से कम 5% की छूट को मानेंगी. वहीं पुराने वाहनों के कबाड़ में जाने से नए वाहनों की खरीद बढ़ेगी तो सरकार का GST कलेक्शन भी बढ़ेगा. इसलिए हमने वित्त मंत्री से दरख्वास्त की है और उन्हें ठीक लगेगा तो आगे वो जीएसटी में छूट पर फैसला कर सकती हैं.

Advertisement

ये भी पढ़ें:

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement