
trump khamenei अमेरिका और इजरायल ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए ईरान पर भीषण हमले किए जो तीसरे दिन भी जारी हैं. इसके जवाब में ईरान ने भी कई देशों में बने अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमले किए हैं, जिससे पूरे मिडिल ईस्ट में टकराव बढ़ता जा रहा है. दूसरी तरफ खामेनेई की मौत के बाद ईरान ने भी अपने तेवर से बता दिया है कि वो रुकने वाला नहीं है. ईरान की जामकरान मस्जिद पर इंतकाम का लाल झंडा फहराया गया है.
ईरान ने जवाबी हमले में 'करारा' जवाब देने का दावा करते हुए इजरायल और मिडिल ईस्ट में स्थित कई अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है. मिडिल ईस्ट के देशों ने अपने एयरस्पेस बंद कर दिए हैं, जबकि कई देशों ने अपने नागरिकों को एडवाइजरी जारी की है, जिसमें गैर-ज़रूरी मूवमेंट से बचने के लिए कहा गया है.

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डोनाल्ड ट्रंप ने देर रात मीडिया से बात की. उन्होंने कहा कि ईरान पर हमले और तेज करेंगे. साथ ही उन्होंने कहा कि ईरान ने चेतावनी नहीं मानी, अब जरूरत पड़ी तो सेना भी उतारूंगा. ट्रंप ने आगे दावा किया कि उनके (ईरान) पास अमेरिका तक पहुंचने में सक्षम मिसाइलें हैं.
स्पेन ने ईरान पर हमलों के लिए अपने मिलिट्री बेस का इस्तेमाल करने पर U.S. पर बैन लगा दिया है. इसलिए वहां तैनात USAF टैंकरों को निकाल दिया है.
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अमेरिका और इजरायल के ज्वॉइंट ऑपरेशन में ईरान के 600 से ज्यादा ठिकानों पर हमले किए गए हैं. ईरान के सैन्य प्रतिष्ठानों को चुन-चुनकर निशाना बनाया जा रहा है. ईरानी मीडिया के हवाले से खबर है कि खामेनेई की घायल पत्नी की भी मौत हो गई है.
PM नरेंद्र मोदी ने आज 2 जरूरी बातचीत कीं. उन्होंने बहरीन के किंग हमाद बिन ईसा अल खलीफा से बात की. उन्होंने सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस और PM मोहम्मद बिन सलमान अल सऊद से भी बात की. PM ने इन दोनों देशों पर हुए हमलों की निंदा की और दोनों देशों में मौजूद भारतीय समुदाय की सुरक्षा की बात की.
दुनिया की टॉप नैचुरल गैस प्रोड्यूसर में से एक, कतरएनर्जी का कहना है कि मिडल ईस्ट में युद्ध के चलते वह अपना LNG प्रोडक्शन रोक देगी. इसकी वजह से यूरोप में गैस की कीमतों में उछाल भी आ गया है.
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने UN सेक्रेटरी-जनरल एंटोनियो गुटेरेस को एक पत्र लिखा है. उन्होंने ईरान पर अमेरिका और इजरायल के हमले को 'डरावना और क्राइम' बताया.
अराघची ने कहा कि इसका मजबूती से जवाब न देने से न सिर्फ अपराधियों का हौसला बढ़ेगा, बल्कि इंटरनेशनल कानूनी व्यवस्था की नींव को भी ऐसा नुकसान होगा जिसकी भरपाई न हो सके.
हमलों में सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत का जिक्र करते हुए, उन्होंने कहा कि ऐसे काम के गहरे और दूरगामी नतीजे होंगे, और इसकी पूरी ज़िम्मेदारी उन लोगों की है जिन्होंने इसे अंजाम दिया.
बहरीन के भारतीय दूतावास ने पोस्ट किया, 'इलाके के मौजूदा हालात के कारण, ICAC, बहरीन मॉल द्वारा दी जाने वाली भारतीय वीजा और पासपोर्ट सेवाएं अगली सूचना तक सस्पेंड रहेंगी.'
कांग्रेस ने ईरान के सर्वोच्च नेता अली ख़ामेनेई की हत्या की कड़े शब्दों में निंदा की है और इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का गंभीर उल्लंघन बताया है. पार्टी ने इस घटना को क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए एक बड़ा खतरा करार दिया है.
मध्य पूर्व में बढ़ते भू-राजनीतिक तनावों के चलते यूरोप में प्राकृतिक गैस की कीमतों में भारी उछाल दर्ज किया गया है. AFP की रिपोर्ट के अनुसार, प्राकृतिक गैस के दाम लगभग 22 फीसदी तक बढ़ गए हैं, जो 2022 के गैस बाजार संकट के बाद से सबसे बड़ी वृद्धि में से एक है.
अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) के प्रमुख रफाएल ग्रोसी ने बताया है कि ईरान के परमाणु नियामक अधिकारियों से संपर्क स्थापित करने के प्रयास जारी हैं, लेकिन अब तक उन्हें कोई सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिली है.
इनपुट: शिवानी शर्मा/ एएफपी
ईरान के ड्रोन हमले के बाद सऊदी की अरामको ने रास तनुरा रिफाइनरी एहतियातन बंद कर दी है. सऊदी अरामको के द्वारा रिफाइनरी बंद करने की खबरों के बाद ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतें बढ़ गई हैं. पूरी खबर को आप यहां क्लिक कर सकते हैं - यह भी पढ़ें: सऊदी में दुनिया की सबसे बड़ी रिफाइनरी Aramco पर ईरान ने किया ड्रोन अटैक
ईरान में अमेरिकी-इजरायली हमलों की शुरुआत के बाद से अब तक 555 लोग मारे गए हैं, यह जानकारी राज्य मीडिया ने रेड क्रिसेंट के हवाले से दी है. इन हमलों ने क्षेत्र में तनाव को और अधिक बढ़ा दिया है और मानविक संकट को जन्म दिया है.
इनपुट: रॉयटर्स
श्रीनगर के शालटैंग क्षेत्र में सुरक्षा बलों ने भारी मात्रा में आंसू गैस के गोले दागे जब शिया समुदाय के शोक मना रहे लोगों ने अपने खामेनेई की हत्या के खिलाफ विरोध मार्च निकालने की कोशिश की. प्रशासन द्वारा लगाए गए पाबंदियों के कारण पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने का प्रयास किया, जिससे दोनों पक्षों के बीच टकराव हो गया.
इनपुट: मीर फरीद
चीन की विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता माओ निंग ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि चीन को अमेरिका की सैन्य कार्रवाई की पूर्व सूचना नहीं दी गई. यह बयान इसी संदर्भ में दिया गया जब उनसे पूछा गया कि क्या अमेरिका ने ईरान के खिलाफ अमेरिका और इजरायल के सैन्य हमलों से पहले या दौरान चीन से संपर्क किया था.
इनपुट: ग्लोबल टाइम्स
कुवैत सेना ने बयान जारी कर बताया कि आज सुबह कई अमेरिकी सैन्य विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गए. उन्होंने जानकारी दी कि सभी विमान कर्मी पूरी तरह सुरक्षित हैं. रक्षा मंत्रालय के आधिकारिक प्रवक्ता ने बताया कि संबंधित अधिकारियों ने तुरंत सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया. सभी कर्मियों को सुरक्षित निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनकी स्वास्थ्य जांच की गई और आवश्यक मेडिकल हेल्प दी गई.
(Input: Pranay)
इजरायल और ईरान के बीच बढ़ती जंग की स्थिति के बीच, चीन के विदेश मंत्रालय ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की अहमियत पर जोर देते हुए उसकी सक्रिय भूमिका को जारी रखने का समर्थन किया है. चीन ने साफ किया है कि वैश्विक शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए सुरक्षा परिषद का समर्पित और संतुलित रोल आवश्यक है.
इनपुट: रॉयटर्स
अली लारीजानी, ईरान की सुप्रीम नेशनल सेक्योरिटी काउंसिल के सेक्रेटरी, ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर तीखा हमला करते हुए कहा है कि ट्रंप ने अपनी "भ्रमित महत्वाकांक्षाओं" के कारण क्षेत्र को अराजकता में धकेल दिया. उन्होंने कहा कि ट्रंप अब अमेरिकी सैनिकों की बढ़ती हताहत संख्या को लेकर चिंतित हैं, जबकि इससे पहले उन्होंने अमेरिकी सैनिकों को इज़रायल के सत्ता समीकरण के लिए बलिदान किया.
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम एशिया में बढ़ते संकट को लेकर गहरी चिंता जताई है. उन्होंने कहा है कि भारत हमेशा से शांति और स्थिरता के लिए अपील करता रहा है और आगे भी इसी दिशा में कार्य करता रहेगा. वर्तमान समय में पश्चिम एशिया का संकट न केवल इस क्षेत्र के लिए, बल्कि वैश्विक शांति के लिए भी एक गंभीर चुनौती है.
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ऑस्ट्रिया में ईरान का दूतावास, दोनों देशों के बीच कूटनीतिक संबंधों का एक महत्वपूर्ण केंद्र है. दूतावास ने एक्स पर पोस्ट करते हुए ब्रिटेन-फ्रांस-जर्मनी को दो टूक जवाब दिया है. ईरान का कहना है कि वह संप्रभुता की रक्षा में कोई कसर नहीं छोड़ेगा.
ईरान पर US-इजरायल हमलों के बाद वेस्ट एशिया में बढ़ते तनाव के बीच भारतीय नौसेना हाई अलर्ट पर है. जरूरत पड़ने पर संघर्ष क्षेत्र से भारतीयों की सुरक्षित निकासी के लिए ऑपरेशन चलाने की तैयारी में है. खाड़ी क्षेत्र में युद्धपोत तैनात हैं और स्थिति की लगातार निगरानी की जा रही है.
भारत की नौसेना हाई अलर्ट पर है. अगर जरूरत पड़ी तो भारतीय नौसेना को मिडिल ईस्ट में फंसे भारतीयों को सुरक्षित निकालने का ऑपरेशन शुरू करने की पूरी क्षमता प्राप्त है.
1 मार्च को दिल्ली में देर रात आयोजित कॉर्प्स कमांडर्स समिति (CCS) की बैठक में चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान भी मौजूद थे. इंडिया टुडे को रक्षा अधिकारियों से प्राप्त सूचनाओं के अनुसार, दक्षिण ब्लॉक मुख्यालय में नौसेना और वायुसेना लगातार ईरान की स्थिति पर नजर रखे हुए हैं.
इनपुट: मंजीत नेगी
तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी के निर्देशन में, तेलंगाना सरकार मध्य पूर्व (पश्चिम एशिया) के कुछ देशों में व्याप्त वर्तमान स्थिति पर गहन निगरानी रख रही है. इस गंभीर स्थिति के बीच, तेलंगाना भवन, नई दिल्ली के वरिष्ठ अधिकारी भारत सरकार के विदेश मंत्रालय और संबंधित भारतीय दूतावासों के साथ लगातार सम्पर्क में हैं ताकि स्थिति का मूल्यांकन किया जा सके.
इस क्षेत्र में रह रहे तेलंगाना के नागरिकों तथा उनके परिवारों की सहायता के लिए, जिनमें फंसे हुए लोग भी शामिल हैं, सरकार ने नई दिल्ली के तेलंगाना भवन में 24×7 कंट्रोल रूम स्थापित किया है.
कंट्रोल रूम सम्पर्क नंबर निम्नलिखित हैं:
- श्रीमती वंदना बरुआ (पीएस टू रेजिडेंट कमिश्नर और लाइजन हेड): +91 9871999044
- श्री सी.एच. चक्रवर्ती (पब्लिक रिलेशन ऑफिसर): +91 9958322143
- श्री जावेद हुसैन (लाइजन ऑफिसर): 9910014749
- श्री रक्षित नाइक (लाइजन ऑफिसर): +91 9643723157
इनपुट: अब्दुल बशीर
कुवैत स्थित अमेरिकी दूतावास परिसर में आग और धुएं की खबरें सामने आई हैं. इस हमले के पीछे ईरान का हाथ माना जा रहा है, जिससे क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है.
इनपुट: AP
गिलगित-बाल्टिस्तान सरकार ने सुरक्षा स्थिति बिगड़ने के मद्देनजर कुछ इलाकों में कर्फ्यू लगाने का आदेश दिया है और पाकिस्तान आर्मी के सैनिकों की तैनाती की मांग की है. यह कदम क्षेत्र में कानून-व्यवस्था की गंभीर स्थिति के कारण उठाया गया है.1 मार्च को जारी एक पत्र में, गिलगित-बाल्टिस्तान गृह और जेल विभाग ने एफसीएनए कमांडर को जिलों गिलगित और स्कर्दू में सेना तैनात करने का निर्देश दिया है. इस आदेश में बताया गया है कि ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली खामेनेई की हत्या की खबर के बाद बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हुए हैं, जो क्षेत्र की शांति और सुरक्षा के लिए खतरा बन गए हैं.
इनपुट: शिवानी शर्मा
ईरान ने दुबई में मिसाइल से हमला किया था. ग्राउंड जीरो पर क्या हालात हैं, यह जानने के लिए आजतक ने जर्नलिस्ट नूरी कायनात से बात की है.
श्रीनगर में ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली खामेनेई की हत्या के विरोध में प्रदर्शन जारी हैं, जबकि कश्मीर के सभी जिलों में सुरक्षा कारणों से कड़े प्रतिबंध लगाए गए हैं.

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इनपुट: मीर फरीद
दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (IGI) एयरपोर्ट पर स्पेन के मैड्रिड से आए दस यात्री फंसे हुए हैं. ये यात्री आज यानी 2 मार्च को सुबह 4 बजे उड़ान EY 219 (एतिहाद एयरलाइन) से दिल्ली से मैड्रिड के लिए उड़ान भरने वाले थे, लेकिन हवाई सीमा प्रतिबंधों के कारण उनकी फ्लाइट रद्द कर दी गई है. इस रद्दीकरण का असर आज और कल, दोनों दिनों के लिए लागू है.


इनपुट: अमित भारद्वाज
अमेरिका के विदेश विभाग के कंसुलर मामलों की ओर से जारी चेतावनी में कहा गया है कि कुवैत में मिसाइल और UAV (ड्रोन) हमलों का खतरा जारी है. अमेरिकी दूतावास ने कुवैती क्षेत्र में रहने वाले अमेरिकी नागरिकों से आग्रह किया है कि वे दूतावास में न आएं और अपने आवास में सबसे निचली मंजिल पर, खिड़कियों से दूर, रहकर आश्रय लें. सुरक्षा कारणों से बाहर न निकलें.
वर्तमान युद्ध स्थिति के चलते कोलकाता हवाई अड्डे पर आज कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को रद्द किया गया है, जिससे यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है. यह कदम सुरक्षा कारणों और उड़ान संचालन में व्यवधान के मद्देनजर उठाया गया है. नीचे दी गई सूची में आज रद्द की गई प्रमुख एयरलाइंस की आगमन और प्रस्थान फ्लाइटों का विवरण दिया गया है.
इनपुट: अनुपम और इंद्रजीत कुंडू
ईरान ने कुवैत सिटी में अमेरिकी दूतावास, बहरीन के मनामा में अमेरिकी नौसेना की 5वीं फ्लीट के मुख्यालय, और जॉर्डन में अमेरिकी ठिकानों को लक्षित करते हुए मिसाइल हमला किया है. ये हमले मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव का परिणाम हैं और क्षेत्रीय सुरक्षा पर गंभीर प्रभाव डाल सकते हैं.
इनपुट: शिवानी शर्मा
कुवैत एयरस्पेस में एक अमेरिकी फाइटर जेट के क्रैश होने की खबर है. पैट्रियट मिसाइल सिस्टम द्वारा गलत पहचान या IFF खराबी की आशंका जताई जा रही है. हालांकि, आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है. एक पायलट ने खुद को सुरक्षित इजेक्ट कर लिया. पूरी खबर को यहां क्लिक कर पढ़ें - कुवैत में अमेरिकी फाइटर जेट क्रैश, पायलट ने खुद को किया इजेक्ट - VIDEO


इनपुट: शिवानी शर्मा
पाकिस्तान में अमेरिकी-इज़रायली हवाई हमलों के खिलाफ और ईरानी कमांड और कंट्रोल के वरिष्ठ अधिकारियों समेत अली खमेनेई की हत्याकांड के बाद प्रदर्शन भड़क उठे. इन विरोध प्रदर्शनों में देश के कई हिस्सों से हिंसक संघर्षों की खबरें सामने आईं, जिनमें कुल 35 नागरिकों के मारे जाने की पुष्टि हुई है.
सबसे अधिक 16 लोग कराची में मारे गए, जहां प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच टकराव हुआ. गिलगिट में सात, स्कर्दू में छह और इस्लामाबाद में छह लोगों की मौत हुई.
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इनपुट: शिवानी शर्मा
साइप्रस के राष्ट्रपति ने कहा है कि ब्रिटिश वायु सेना का अक्ट्रिटिरी एयर बेस एक शाहिद ड्रोन द्वारा हमला किया गया. यह घटना मध्य पूर्व और यूरोप के सुरक्षा पर गंभीर चिंताएं उत्पन्न करती है. अक्ट्रिटिरी एयर बेस, जो कि साइप्रस में स्थित है, ब्रिटेन की सबसे महत्वपूर्ण सैन्य संपत्तियों में से एक है और इसे क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए अहम माना जाता है.
तेहरान के वलियासर चौक में एक विशाल बैनर का अनावरण किया गया है, जो आयातुल्लाह खामेनेई को श्रद्धांजलि समर्पित है. इस बैनर पर लिखा है, "हे लोगों! खामेनेई का भगवान जीवित है!".
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फ्रांस के रक्षा मंत्री ने बताया कि अबू धाबी के बंदरगाह पर स्थित एक फ्रांसीसी नौसैनिक आधार में ईरानी ड्रोन हमले के कारण एक हैंगर को नुकसान पहुंचा है. ब्रिटिश रक्षा मंत्री जॉन हीली ने बताया है कि ईरान से चलाए गए मिसाइल और ड्रोन हमले बहरीन में तैनात लगभग 300 ब्रिटिश सैन्य कर्मियों के बेहद करीब हुए. यह हमले कुछ सौ गज की दूरी पर थे, जिससे ब्रिटिश बलों की सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं.
इजरायल की ओर से किए गए हमले में हिजबुल्लाह को बड़ा नुक़सान पहुंचा है. हिजबुल्लाह नेता मोहम्मद राद इजरायली स्ट्राइक में मारा गया है.
इनपुट: जेरूसलम पोस्ट
कुवैत सिविल डिफेंस ने रुमैथिया और सॉलवा इलाकों के पास उड़ रहे संदिग्ध ड्रोन को ट्रैक कर एयर डिफेंस सिस्टम की मदद से सफलतापूर्वक इंटरसेप्ट किया है.
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अमेरिकी दूतावास इस्लामाबाद ने पाकिस्तान में वर्तमान स्थिति को लेकर चेतावनी जारी की है. दूतावास ने बताया कि लाहौर स्थित अमेरिकी वाणिज्य दूतावास पर चल रहे प्रदर्शन और कराची के अमेरिकी वाणिज्य दूतावास पर हिंसक विरोध प्रदर्शन की सूचना मिल रही है. इसके अलावा, इस्लामाबाद में अमेरिकी दूतावास और पेशावर के अमेरिकी वाणिज्य दूतावास के सामने भी अतिरिक्त प्रदर्शन के आह्वान हो रहे हैं. अमेरिकी सरकार के कर्मचारियों को निर्देश दिया गया है कि वे तब तक अपनी आवाजाही सीमित रखें जब तक अन्य सूचना न दी जाए.
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ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है. इजरायल के हमलों के चलते बेरूत के दक्षिणी इलाकों में कम से कम 10 लोगों के मारे जाने की खबर सामने आई है.
साइप्रस ने पुष्टि की है कि उसके द्वीप पर स्थित एक ब्रिटिश सैन्य ठिकाने को ड्रोन हमले का निशाना बनाया गया था. इस हमले से ठिकाने को गंभीर नुकसान पहुंचा है, हालांकि किसी के हताहत होने की खबर नहीं आई है. यह घटना क्षेत्रीय सुरक्षा और राजनीतिक स्थिरता के संदर्भ में चिंता का विषय बनी हुई है.
इनपुट: AP
डोडा और किश्तवार जिलों में शिया और अन्य मुस्लिम धार्मिक संगठनों ने आज बंद का आह्वान किया है. यह बंद ईरान के सुप्रीम नेता की हत्या के विरोध में आयोजित किया गया है. जम्मू डिवीजन के ये दोनों जिले धार्मिक और सामाजिक रूप से संवेदनशील क्षेत्र हैं, जहां इस तरह के घटनाक्रम का गहरा असर पड़ता है.
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ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच बढ़ते सैन्य तनाव के कारण भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गई है. सेंसेक्स में 2743 अंक यानी 3.38% की भारी गिरावट देखी गई और यह 78,543 अंक पर खुला. वहीं, निफ्टी इंडेक्स में भी 519 अंक या 2.06% का नुकसान हुआ, जो इसे 24,659 अंक पर ले आया.
एशियाई शेयर सोमवार को खुलते ही नीचे गिर गए, यह गिरावट अमेरिका और इजरायल के ईरान पर हमलों के बाद देखी गई. इस घटना के कारण निवेशकों में तनाव और अनिश्चितता बढ़ गई है, जिसके परिणामस्वरूप बाजार में भारी दबाव देखा गया.
जापान का निक्की 225 इंडेक्स शुरुआत में 2 फीसदी से अधिक गिर गया, लेकिन सुबह के मध्य तक यह 1.3 फीसदी की गिरावट के साथ 58,073.01 के स्तर पर ट्रेड कर रहा था. इस गिरावट के पीछे प्रमुख कारण मध्य पूर्व से तेल की आपूर्ति में संभावित रुकावट की आशंका है.
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इनपुट: एपी
मिडिल ईस्ट में छिड़ी जंग का असर भारतीय शेयर बाजार पर भी देखने को मिला है. सोमवार को प्री-ओपन मार्केट में सेंसेक्स 1000 अंक तक टूट गया. पूरी खबर को यहां क्लिक कर पढ़ें - ईरान पर हमले से बाजारों में भगदड़... प्री-ओपेन मार्केट में 1000 अंक टूटा सेंसेक्स, 10% उछला कच्चा तेल
इराक की राजधानी बगदाद के एक हवाई अड्डे पर अमेरिकी सैनिकों को निशाना बनाते हुए एक ड्रोन हमले की खबर ने क्षेत्र में तनाव को फिर से बढ़ा दिया है. एपी समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, स्थानीय शियाई मिलिशिया समूह ने इस हमले की जिम्मेदारी स्वीकार की है और इसे अमेरिकी सेना के खिलाफ एक सशक्त संदेश बताया है.
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दिल्ली के आईजीआई एयरपोर्ट पर एक यात्री डॉ. रफिया खान ने बताया, "मेरे माता-पिता उमराह के लिए सऊदी अरब गए हैं. हम उन्हें छोड़ने के लिए यहां आए हैं. हमने बस उन्हें विदा किया है. हमें बताया गया है कि सऊदी अरब के सभी फ्लाइट शेड्यूल के अनुसार समय पर चल रहे हैं."
डॉ. खान ने आगे बताया, "आज खाड़ी क्षेत्र में तनाव की खबरों के कारण हमें चिंता थी, क्योंकि हमारा परिवार एक ऐसे क्षेत्र जा रहा है जो युद्ध जैसी स्थिति में है. हमें कई बार एयरलाइंस से संपर्क करने में काफी परेशानी हुई क्योंकि बहुत सारे यात्री भी इसी तरह की जानकारी मांग रहे थे और एयरपोर्ट पर लोग काफी व्यस्त थे.
विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिकी और इजरायली हमलों के बाद भी इस विषय पर अपनी राय व्यक्त की. उन्होंने कहा कि ईरान का कूटनीतिक इतिहास बहुत उज्जवल है, जबकि अमेरिका का रिकॉर्ड इसके विपरीत बहुत नकारात्मक और खराब है. ईरान हमेशा कूटनीति के लिए तैयार रहता है.
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इनपुट: रॉयटर्स
मध्य पूर्व में जारी घटनाक्रमों को देखते हुए, नागरिक उड्डयन मंत्रालय के यात्री सहायता नियंत्रण कक्ष (PACR) ने हवाई यात्रियों की शिकायतों और सवालों को सक्रिय रूप से संबोधित करना शुरू कर दिया है. सभी यात्रियों की परेशानियों को बिना देरी के सुलझाने के लिए PACR ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, एयरसेवा पोर्टल और समर्पित हेल्पलाइन नंबरों के माध्यम से प्राप्त शिकायतों और सवालों को ध्यानपूर्वक मॉनिटर किया जा रहा है.
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भारत की प्रमुख एयरलाइन आकाश एयर ने घोषणा की है कि अबूधाबी, दोहा, जेद्दाह, कुवैत और रियाद के लिए अपनी सभी उड़ानें आज के लिए निलंबित रहेंगी. इस फैसले के तहत इन गंतव्यों के लिए कोई भी उड़ान 2 मार्च तक संचालित नहीं होगी. कंपनी ने यह कदम विमानन क्षेत्र में चल रही विभिन्न चुनौतियों और परिचालन समस्याओं को ध्यान में रखते हुए लिया है.
इनपुट: अमित भारद्वाज
संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) ने ईरान के राजदूत को तलब करते हुए फारस की खाड़ी में में हुए मिसाइल और ड्रोन हमलों पर कड़ी आपत्ति जताई है. यूएई ने इन हमलों को आतंकवादी हमला और क्षेत्रीय संप्रभुता का गंभीर उल्लंघन बताया है.
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रविवार शाम प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी (CCS) की बैठक हुई, जिसमें पश्चिम एशिया की बदलती स्थिति की समीक्षा की गई. बैठक में 28 फरवरी को ईरान में हुए हवाई हमलों और उसके बाद खाड़ी देशों में हुई नाटकीय बढ़ोतरी के बारे में ब्रीफिंग दी गई. इस बढ़ते तनाव को देखते हुए, समिति ने क्षेत्र में बड़ी संख्या में भारतीय प्रवासियों की सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की.
इनपुट: हिमांशु मिश्रा और मंजीत नेगी
श्रीनगर शहर में प्रशासन ने सुरक्षा मजबूती के लिए कई प्रतिबंध लगाए हैं. खासकर लाल चौक क्षेत्र को सील कर दिया गया है ताकि क्लॉक टावर के पास होने वाले प्रदर्शनों को रोका जा सके. यह कदम ईरान के सर्वोच्च नेता की हत्या के विरोध में होने वाले प्रदर्शन को नियंत्रित करने के उद्देश्य से उठाया गया है. कश्मीर घाटी में विरोध प्रदर्शनों को देखते हुए सभी स्कूल और शैक्षिक संस्थान आज और कल दो दिनों के लिए बंद रहेंगे.
इनपुट: सुनील जी भट्ट
इजरायली सेना ने सुरक्षा कारणों को आधार बनाते हुए लेबनान के 50 शहरों के लिए व्यापक निकासी आदेश जारी किया है. इस आदेश का उद्देश्य संभावित सैन्य संघर्षों और तनावपूर्ण हालात से बचाव करना बताया गया है.
ईरान की ओर से जवाबी कार्रवाई जारी है. ईरान ने कुवैत में कई ड्रोन दागे हैं. अमेजन की क्लाउड यूनिट AWS ने बताया कि UAE में उसके एक डेटा सेंटर की Availability Zone पर वस्तुएं गिरने से चिंगारी और आग लगी, जिसके बाद पावर सप्लाई अस्थायी रूप से बंद करनी पड़ी. कनेक्टिविटी बहाल करने में कई घंटे लग सकते हैं. अन्य ज़ोन सामान्य रूप से काम कर रहे हैं.
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एअर इंडिया ने UAE, सऊदी अरब, इजरायल और कतर के लिए सभी उड़ानों की निलंबन अवधि बढ़ा दी है. यह निलंबन अब 2 मार्च 2026 भारतीय समयानुसार रात 11:59 बजे तक जारी रहेगा. इस फैसले का उद्देश्य यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और वर्तमान परिस्थितियों के मद्देनजर उचित प्रबंधन करना बताया गया है.
अमेरिका, बहरैन, जोर्डन, कुबैर, क़तर, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात ने इस्लामिक गणराज्य ईरान के क्षेत्रीय संप्रभु क्षेत्रों पर किए गए गैर-जिम्मेदार मिसाइल और ड्रोन हमलों की निंदा की है. इन हमलों का लक्ष्य बहरैन, इराक (जिसमें इराकी कुर्दिस्तान क्षेत्र भी शामिल है), जोर्डन, कुवैत, ओमान, क़तर, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात के क्षेत्रीय क्षेत्रों को बनाया गया. पूरी खबर को यहां क्लिक कर पढ़ें - 'अब बर्दाश्त नहीं...', सऊदी-UAE समेत 7 देशों ने की ईरानी हमले की निंदा, दी चेतावनी
कुवैत रक्षा मंत्रालय के आधिकारिक प्रवक्ता ने बताया कि कुवैत की वायु रक्षा सेना ने आज सुबह दुश्मन के कई हवाई लक्ष्यों का दक्षता और क्षमता के साथ मुकाबला किया. इन लक्ष्यों को देश के केंद्रीय क्षेत्र में चलाए जा रहे अभियानों के तहत निगरानी और रोकथाम किया गया.
लेबनान की राजधानी बीरुत के दक्षिणी उपनगरों में इजरायली हवाई हमलों के बाद भारी धुआं उठता हुआ देखा गया. स्थानीय अधिकारी और सुरक्षा बलों ने इस घटना की पुष्टि की है तथा कहा है कि वे स्थिति पर कड़ी नजर बनाए हुए हैं.

लेफ्टिनेंट जनरल अयाल ज़मीर, जो वर्तमान में इज़राइल रक्षा बलों (IDF) के जनरल स्टाफ के प्रमुख हैं, ने लेबनान स्थित आतंकवादी संगठन हिज़्बुल्लाह द्वारा इज़रायल के खिलाफ रातों-रात शुरू की गई कार्रवाई के संदर्भ में कड़ा बयान दिया है. उन्होंने साफ किया कि हिज़्बुल्लाह पूरी तरह से किसी भी एस्केलेशन के लिए जिम्मेदार होगा और इज़राइल अपनी सुरक्षा को प्रभावित करने वाले किसी भी खतरे का जवाब कड़ा देगा.
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने अमेरिका और इजरायल के हमलों के जवाब में की गई कार्रवाई को लेकर बड़े दावे किए हैं. IRGC के अनुसार, कुवैत स्थित अमेरिकी नौसैनिक ठिकाना अली अल-सलेम एयर बेस को पूरी तरह से बंद (डिकमीशन) कर दिया गया है. ईरानी सेना का कहना है कि इस बेस पर बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन से हमला किया गया, जिससे बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है.
ईरान और इजरायल के बीच जारी संघर्ष लगातार भीषण होता जा रहा है. अब ईरान के तेहरान और तसनीम के कई इलाकों से धमाकों की खबर सामने आ रही है. स्थानीय लोगों का कहना है कि कई इलाकों में तेज धमाके की आवाज सुनाई दी हैं.
Middle East War: ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने संयुक्त राष्ट्र को पत्र लिखकर देश के सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह खामेनेई की हत्या को लेकर कड़ा रुख अख्तियार किया है. उन्होंने पत्र में कहा कि खामेनेई की हत्या से खतरनाक पंडोरा बॉक्स खुल गया है.
समाचार एजेंसी AP की रिपोर्ट के मुताबिक, अराघची ने रविवार को संयुक्त राष्ट्र को लिखे पत्र में कहा कि ये हत्या ईरान के बीच संबंधों को नियंत्रित करने वाले सबसे बुनियादी मानदंडों का गंभीर और अभूतपूर्व उल्लंघन है.
उन्होंने एक बार फिर वैश्विक निकाय और सुरक्षा परिषद से इस हत्या में अमेरिका और इजरायल की भूमिका के लिए जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाने की अपील की है.
ईरान के इस्लामिक रिवॉल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने अमेरिका और इजरायल के हमलों के जवाब में शुरू की गई जवाबी कार्रवाई को लेकर बड़े दावे किए हैं. IRGC ने कहा है कि ईरानी सेना के नए सिरे से मिसाइल और ड्रोन हमलों में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को भारी नुकसान हुआ है. उन्होंने दावा किया है कि अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर USS अब्राहम लिंकन पर चार बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया गया है और अब तक 560 अमेरिकी सैनिक मारे गए हैं.
बहरीन में यूएस के नौसैनिक अड्डे पर ईरान ने बड़ा हमला किया है. हमले के बाद पूरे इलाके में घना धुआं छा गया है.
इजरायल ने ईरान हमले का जवाब देते हुए अब ईरान के सरकारी टीवी मुख्यालय पर हमला किया है. बताया जा रहा है कि हमले के बाद टीवी प्रसारण बंद हो गया है.
इजरायल और ईरान के बीच भीषण संघर्ष जारी है. अब ईरान ने यरूशलम में मिसाइल दागी है. इस हमले में छह लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आ रही है. मैगन डेविड अदोम आपातकालीन चिकित्सा सेवा के अनुसार, रविवार रात (1 मार्च) को ईरान से दागी गई एक मिसाइल सड़क पर आ गिरी, जिससे यरुशलम में छह लोग घायल हो गए.
बता दें कि इजरायल ने रविवार को तेहरान पर नए सिरे से हमले किए थे. इसके जवाब में ईरान ने इजरायल के कई शहरों को निशाना बनाते हुए मिसाइलें दागीं. ये घटना सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की हत्या के एक दिन बाद हुई, जिसने मध्य पूर्व और वैश्विक अर्थव्यवस्था को और भी गहरे अनिश्चितता के घेरे में डाल दिया है.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने डेली मेल को दिए एक इंटरव्यू में ईरान के साथ चल रहे संघर्ष पर महत्वपूर्ण बयान दिया है. ट्रंप ने संकेत दिया कि ईरान के खिलाफ अमेरिकी सैन्य अभियान अगले चार सप्ताह तक चल सकता है. उन्होंने कहा, 'ये हमेशा से चार सप्ताह की प्रक्रिया रही है. हमने अनुमान लगाया है कि यह चार सप्ताह या उससे कम समय में चलेगा. ये एक बड़ा देश है, इसलिए इसमें चार सप्ताह या उससे कम समय लग सकता है.'
मिडिल ईस्ट में बढ़ते टकराव के बीच ओमान के विदेश मंत्री ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि कूटनीति के दरवाजे अभी-भी खुले हुए हैं. उन्होंने कहा कि उन्हें अब भी संघर्षों के समाधान के लिए कूटनीति की शक्ति पर विश्वास है, और जितनी जल्दी बातचीत फिर से शुरू हो, उतना ही बेहतर है.
यूएस सेंट्रल कमांड ने को बताया कि ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के मारे जाने वाले ऑपरेशन की शुरुआत से लेकर अब तक अमेरिकी सेना ने ईरान के 1,000 से अधिक ठिकानों पर हमले किए हैं.
समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, रविवार और सोमवार की दरमियानी रात को इजरायली सेना ने एक बार फिर तेहरान पर बड़ा हमला किया. इस हमले में तेहरान में एक अस्पताल क्षतिग्रस्त हो गया है. चश्मदीदों ने बताया कि अस्पताल की इमारत बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई है, कई मरीजों के मलबे में दबे होने की आशंका है. साथ ही स्थानीय लोगों की मदद से मरीजों को बाहर निकाला जा रहा है.

मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इजरायल, बहरीन और यूएई के नेताओं से बात की है. इस बारे में व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लीविट ने एक्स पर जानकारी दी है. उन्होंने अपनी एक्स पोस्ट में लिखा, 'आज राष्ट्रपति ट्रंप ने इजरायल, बहरीन और यूएई के नेताओं से बात की है. राष्ट्रपति को ऑस्टिन, टेक्सास में हुई गोलीबारी के बारे में भी जानकारी दी गई है.'
मिडिल ईस्ट में अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच जारी सैन्य टकराव से हालात और ज्यादा गंभीर होते दिख रहे हैं. अब ईरानी मीडिया ने अमेरिकी सेना एक बड़े युद्धपोत अब्राहम लिंकन को निशाना बनाए जाने का दावा किया है. यह वही युद्धपोत है जिसका इस्तेमाल अमेरिका ने ईरान पर हमले के लिए किया था. यहां पूढ़ें पूरी खबर...
Middle East Conflict:अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष दिन-व-दिन भीषण होता जा रहा है. अब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि अमेरिकी सेना ने ईरान के नौ नौसैनिक जहाजों के डुबो दिया है और ईरान के नौसैनिक मुख्यालय को लगभग पूरी तरह से तबाह कर दिया है. इस बारे में ट्रंप ने सोशल मीडिया पर जानकारी दी है.
ट्रूथ सोशल पर ट्रंप ने लिखा, 'मुझे अभी-अभी सूचना मिली है कि हमने ईरान के 9 नौसैनिक जहाजों को नष्ट कर दिया है और डुबो दिया है, जिनमें से कुछ अपेक्षाकृत बड़े और महत्वपूर्ण थे. हम बाकी जहाजों की ओर बढ़ रहे हैं- वो भी जल्द ही समुद्र में तैरते हुए दिखाई देंगे! एक अन्य हमले में, हमने उनके नौसैनिक मुख्यालय को लगभग पूरी तरह से नष्ट कर दिया है. इसके अलावा उनकी नौसेना बहुत अच्छा प्रदर्शन कर रही है.'

ईरानी सरकारी मीडिया ने बताया कि स्कूल पर हुए हमले में मरने वालों की संख्या बढ़कर 165 हो गई है, हमले के बाद हताहतों की संख्या लगातार बढ़ रही है.
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने X पर पोस्ट किया, 'मैंने अभी-अभी रक्षा मंत्री, चीफ ऑफ जनरल स्टाफ और मोसाद चीफ के साथ बैठक समाप्त की है. मैंने अभियान को जारी रखने के निर्देश दिए हैं. कल हमने तानाशाह खामेनेई को खत्म कर दिया. इसके साथ-साथ इस्लामी शासन के दर्जनों शीर्ष दमनकारी चेहरों को भी समाप्त किया गया. हमारी सेनाएं अब तेहरान के दिल पर और अधिक तीव्रता के साथ प्रहार कर रही हैं, और आने वाले दिनों में यह और भी मजबूत होगा. ये दर्दनाक दिन हैं. कल यहां तेल अवीव में और अब बेत शेमेश में हमने अपने प्रिय लोगों को खोया है. मेरा दिल शोकाकुल परिवारों के साथ है, और आप सभी इजरायल के नागरिकों की ओर से मैं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं. हम एक ऐसे अभियान में हैं जिसमें अपने अस्तित्व और भविष्य को सुरक्षित करने के लिए हम आईडीएफ की पूरी ताकत झोंक रहे हैं. साथ ही, इस अभियान में हमें अमेरिका का समर्थन भी प्राप्त है. अमेरिका के राष्ट्रपति और मेरे मित्र डोनाल्ड ट्रंप, और अमेरिकी सेना का. यह संयुक्त शक्ति हमें वह करने में सक्षम बनाती है जिसकी मैंने 40 वर्षों से कामना की थी. आतंकी शासन को जड़ से कुचलना. यही मैंने वादा किया था और यही हम करेंगे.'
Middle East Conflict: ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने कहा कि ईरान पर अमेरिकी हमलों से पहले परमाणु समझौता लगभग हो चुका था. उन्होंने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर बातचीत के दौरान हमले करके कूटनीति को बाधित करने का आरोप लगाया.
अराघची ने कहा, 'समझौता लगभग हो ही चुका था. हम जिनेवा से इस समझ के साथ लौटे थे कि अगली मुलाकात में हम समझौता कर लेंगे. कूटनीति को बिगाड़ने वालों को अपने मिशन में सफलता मिली, लेकिन एक बार फिर ट्रंप ने ही अंततः बातचीत की मेज पर बमबारी का आदेश दिया.'