scorecardresearch
 

यूपी चुनाव से पहले सहयोगियों को साधने में जुटी BJP, शाह से मिले अपना दल और निषाद पार्टी के नेता

गृहमंत्री अमित शाह ने गुरुवार को अपने गठबंधन के दोनों सहयोगियों अपना दल (एस) की नेता अनुप्रिया पटेल और निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद और सांसद प्रवीण निषाद से अपने आवास पर मुलाकात की. साथ ही उन्होंने यह संकेत भी दे दिया यूपी में बीजेपी अपने गठबंधन को सहेज कर चलेगी. 

अमित शाह से मिले निषाद पार्टी के नेता   अमित शाह से मिले निषाद पार्टी के नेता
स्टोरी हाइलाइट्स
  • अमित शाह से मिले अपना दल और निषाद पार्टी के नेता
  • यूपी चुनाव से पहले सियासत तेज
  • सहयोगियों को साधने में जुटी BJP

यूपी चुनाव से पहले बीजेपी गठबंधन के सहयोगियों को साधने में जुटी है. गुरुवार को दिल्ली में गृहमंत्री अमित शाह की अपना दल (एस) की अनुप्रिया पटेल के अलावा निषाद पार्टी के संजय निषाद और प्रवीण निषाद से भी मुलाकात हुई. इससे पहले यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ भी अमित शाह से मिले.  

गृहमंत्री अमित शाह ने गुरुवार को अपने गठबंधन के दोनों सहयोगियों अपना दल (एस) की नेता अनुप्रिया पटेल और निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद और सांसद प्रवीण निषाद से अपने आवास पर मुलाकात की. साथ ही उन्होंने यह संकेत भी दे दिया यूपी में बीजेपी अपने गठबंधन को सहेज कर चलेगी. 

निषाद पार्टी के अध्यक्ष डॉ संजय निषाद और संतकबीरनगर सीट से बीजेपी के सिंबल पर चुनाव लड़कर सांसद बने संजय निषाद के बेटे प्रवीण निषाद ने गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की. कल (शुक्रवार) भी गृहमंत्री से मुलाक़ात संभव है.  

बताया जा रहा है कि डॉ संजय निषाद बीजेपी से केंद्र और राज्य में एक-एक मंत्री पद मांग रहे हैं. उनका कहना है कि सपा से गठबंधन तोड़कर बीजेपी के साथ आने पर बीजेपी ने केंद्र में मंत्री पद के साथ यूपी में मंत्री पद देने का आश्वासन दिया था, अब चूंकि निषाद पार्टी के पास यूपी विधानसभा/परिषद में कोई सीट नहीं है, इसलिए संजय निषाद ख़ुद को एमएलसी मनोनीत कराने की मांग कर रहे हैं. 

डॉ संजय निषाद ने एमएलसी एके शर्मा से भी मुलाकात की और उनसे अपनी बात रखी. कहा जा रहा है कि उनके ज़रिए ही वो शीर्ष नेतृत्व तक पहुंचे और गृहमंत्री से दोपहर को मिलने गए. कल शाम को संजय निषाद फिर से गृहमंत्री के पास मिलने जा सकते हैं. 

उधर, अनुप्रिया पटेल पहले ही कह चुकी हैं उनकी पार्टी की यूपी कैबिनेट में ज़्यादा हिस्सेदारी बनती है. इसलिए वो चाहती हैं यूपी कैबिनेट विस्तार जल्द से जल्द हो और उनके दो लोगों को मंत्री बनाया जाए. फ़िलहाल यूपी कैबिनेट में उनकी पार्टी का एक राज्यमंत्री है.  

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें