केरल के मलप्पुरम जिले के एडवन्ना से वफादारी की एक ऐसी मिसाल सामने आई है, जिसने हर किसी की आंखें नम कर दी हैं. यहां एक आवारा कुत्ता पिछले कई दिनों से एक कब्रिस्तान में खामोशी से पहरा दे रहा है. यह कुत्ता उस महिला की कब्र के पास से हटने को तैयार नहीं है, जिसने कभी उसे निवाला खिलाया था.
यह कहानी पथप्पिरियम की रहने वाली अमीना की है. पिछले हफ्ते जब अमीना अपनी बेटी के घर से लौट रही थीं, तो अचानक घर के पास ही गिर पड़ीं. शुरू में किसी का ध्यान नहीं गया, लेकिन एक आवारा कुत्ते ने खतरे को भांप लिया. वह जोर-जोर से भौंकने लगा और इधर-उधर भागकर पड़ोसियों को सचेत किया.
कुत्ते की मदद से लोग मौके पर पहुंचे और अमीना को अस्पताल ले गए, लेकिन अफसोस उन्हें बचाया नहीं जा सका.
रिश्ता जो मौत के बाद भी कायम है
अमीना अक्सर इस कुत्ते को खाना खिलाया करती थीं. उनके इस छोटे से एहसान का बदला यह बेजुबान आज तक चुका रहा है. जब अमीना के पार्थिव शरीर को मस्जिद ले जाया गया, तो यह कुत्ता भी परिवार के सदस्य की तरह पीछे-पीछे चला.
कब्र पर पहरा
अंतिम संस्कार खत्म होने के बाद जब सब लोग घर लौट गए, तब भी यह कुत्ता वहीं डटा रहा. अब आलम यह है कि जब भी अमीना के बच्चे या पोते-पोतियां कब्र पर दुआ करने आते हैं, यह कुत्ता उनके साथ खड़ा होकर खामोशी से पहरा देता है. देखें VIDEO:-
इंसानियत के लिए एक बड़ा सबक
इस दृश्य को देखकर स्थानीय लोगों की आंखें भर आती हैं. यह घटना याद दिलाती है कि नेकी का एक छोटा सा काम भी एक बेजुबान के दिल में कितनी गहरी जगह बना सकता है. मलप्पुरम में यह कुत्ता आज 'खामोश रखवाले' के रूप में चर्चा का विषय बना हुआ है.