scorecardresearch
 

कांग्रेस के दिग्गज नेता विक्रमादित्य का UCC का समर्थन, बोले- कानून लागू करने से कौन रोक रहा?

समान नागरिक संहिता (UCC) को लेकर छिड़ी बहस के बीच कांग्रेस नेता विक्रमादित्य सिंह ने खुलकर समर्थन में बयान दिया है. उन्होंने कहा, UCC का हम पूर्ण समर्थन करते हैं, जो भारत की एकता और अखंडता के लिए जरूरी है, लेकिन इसका राजनीतिकरण नहीं होना चाहिए. विक्रमादित्य का यह बयान पार्टी लाइन से इतर माना जा रहा है. कांग्रेस लगातार यूसीसी को लेकर बीजेपी पर हमलावर है.

Advertisement
X

देशभर में समान नागरिक संहिता (UCC) को लेकर बहस छिड़ी है. इस बीच, केंद्र में एनडीए सरकार को विपक्षी पार्टियों के कई नेताओं का भी समर्थन मिलने लगा है. हिमाचल प्रदेश में लोक निर्माण और खेल मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने शुक्रवार को पार्टी लाइन के खिलाफ जाते हुए बड़ा बयान दिया है. उन्होंने समान नागरिक संहिता के लिए अपना 'पूर्ण समर्थन' दिया और इस विषय पर 'राजनीतिकरण' नहीं करने का आग्रह किया है.

राज्य में कांग्रेस सरकार में मंत्री विक्रमादित्य ने इस मुद्दे की टाइमिंग को लेकर सवाल उठाया. उन्होंने कहा, लोकसभा चुनाव से कुछ महीने पहले यह मुद्दा क्यों उठाया जा रहा है. बता दें कि विक्रमादित्य सिंह, हिमाचल प्रदेश कांग्रेस प्रमुख प्रतिभा सिंह के बेटे हैं. उनके दिवंगत पिता वीरभद्र सिंह छह बार राज्य के मुख्यमंत्री रहे हैं.

'नहीं किया जाना चाहिए राजनीतिकरण'

कांग्रेस नेता ने फेसबुक पर लिखे पोस्ट में कहा, 'समान नागरिक संहिता का हम पूर्ण समर्थन करते हैं, जो भारत की एकता और अखंडता के लिए जरूरी है, पर इसका राजनीतिकरण नहीं होना चाहिए. उन्होंने सवाल किया कि केंद्र की एनडीए सरकार ने ऐसा कानून पहले क्यों नहीं लागू किया, जबकि उसके पास 9 साल तक संसद में पूर्ण बहुमत रहा.' उन्होंने पूछा, चुनाव से कुछ महीने पहले ही इस पर प्रचार क्यों किया जा रहा है?

Advertisement

UCC के बीच बहुविवाह पर भी चर्चा, इन राज्यों में सामने आते हैं एक से ज्यादा शादी के मामले

'चुनाव से पहले प्रोपेगंडा क्यों?'

विक्रमादित्य ने कहा, 9 साल से देश में NDA की पूर्ण बहुमत की सरकार है. इस कानून को लागू करने से कौन रोक रहा है? आज चुनावों से कुछ महीने पहले ही इसका प्रोपेगंडा क्यों हो रहा है? जय श्री राम.

'PM मोदी ने यूसीसी की खुलकर वकालत की'

बता दें कि हाल ही में मध्य प्रदेश के भोपाल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बीजेपी की मीटिंग में यूसीसी को लेकर बड़ा बयान दिया था. उन्होंने सभी धर्मों के लोगों के लिए शादी, तलाक और विरासत को लेकर एक समान कानून की जोरदार वकालत की है. लेकिन, कांग्रेस ने इस कदम का विरोध किया है और दावा किया कि बीजेपी लोगों को बांटने की कोशिश कर रही है.

UCC, अवैध मजार और धर्मांतरण कानून पर क्या बोले उत्तराखंड के CM पुष्कर सिंह धामी

पीएम मोदी ने क्या कहा था

पीएम मोदी ने कहा था, भारत के मुसलमानों को यह समझना होगा कि कौन से राजनीतिक दल ऐसा कर रहे हैं. एक घर में एक सदस्य के लिए एक कानून हो और दूसरे के लिए दूसरा तो घर चल पायेगा क्या? तो ऐसी दोहरी व्यवस्था से देश कैसे चल पाएगा? ये लोग हम पर आरोप लगाते हैं. ये अगर मुसलमानों के सही हितैषी होते तो मुसलमान पीछे नहीं रहते. सुप्रीम कोर्ट बार-बार कह रहा है कि यूनिफॉर्म सिविल कोड लाओ, लेकिन ये वोट बैंक के भूखे लोग ऐसा नहीं करना चाहते.

Advertisement

'उत्तराखंड में UCC लाने की तैयारी'

बताते चलें कि हिमाचल प्रदेश के पड़ोसी राज्य उत्तराखंड में यूसीसी लाए जाने की तैयारी है. शुक्रवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि राज्य में जल्द ही एक समान नागरिक संहिता लागू किया जाएगा. उत्तराखंड की बीजेपी सरकार द्वारा नियुक्त एक पैनल ने घोषणा की कि उन्होंने मसौदा तैयार कर लिया है.

UCC ड्राफ्टिंग कमेटी ने पूरा किया काम, जल्द ही उत्तराखंड में इसे करेंगे लागू- पुष्कर सिंह धामी

क्या है समान नागरिक संहिता 

समान नागरिक संहिता में सभी धर्मों के लिए एक कानून की व्यवस्था होगी. हर धर्म का पर्सनल लॉ है, जिसमें शादी, तलाक और संपत्तियों के लिए अपने-अपने कानून हैं. UCC के लागू होने से सभी धर्मों में रहने वालों लोगों के मामले सिविल नियमों से ही निपटाए जाएंगे. UCC का अर्थ शादी, तलाक, गोद लेने, उत्तराधिकार और संपत्ति का अधिकार से जुड़े कानूनों को सुव्यवस्थित करना होगा.

समान नागरिक संहिता: जानिए UCC का हिंदू उत्तराधिकार और टैक्स कानून पर क्या पड़ेगा प्रभाव?

 

Advertisement
Advertisement