बेस्ट कर्मचारी संगठनों की मांग है कर्मचारियों को 50 लाख का बीमा दिया जाए. कोविड-19 महामारी में कोरोना वॉरियर बने कर्मचारियों को भी ग्लव्स, मास्क और हैंड सैनिटाइजर की व्यवस्था कराए जाए. कर्मचारियों के संक्रमित होने पर क्वारनटीन सेंटर अलग से बनाया जाए.
सोमवार से मुंबई में बेस्ट बस यूनियन के सदस्य हड़ताल पर जा रहे हैं. बीएमसी ने अपने कर्मचारियों को 50 लाख का जीवन बीमा कवर दिया था, लेकिन बेस्ट कर्मचारियों को इस स्कीम से दूर रखा गया. बेस्ट के कर्मचारी मास्क और ग्लव्स की भी कमी से जूझ रहे हैं. ऐसे में बेस्ट कर्मचारियों की मांग है जरूरी सुविधाएं जल्द मुहैया कराई जाएं.
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बेस्ट के 7 कर्मचारियों की हुई कोरोना से मौत
मुंबई में तेजी से पांव पसार रहे कोरोना वायरस की चपेट में आकर बेस्ट के 7 कर्मचारियों की भी मौत हो गई है. कर्मचारियों को क्वारनटीन तक रखने की भी व्यवस्था नहीं थी. अब बेस्ट के कर्मचारी सोमवार से हड़ताल पर रहेंगे. अपनी मांगों को लेकर बेस्ट के कर्मचारी अपना काम बंद रखेंगे.
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बेस्ट कर्मचारी यूनियन के नेता शशांक राव ने कहा कि कोरोना संकट के बीच बेस्ट के कर्मचारी जरूरी सेवाओं में लगे लोगों को उनके घर से ला रहे हैं और दफ्तर तक पहुंचा रहे हैं. दफ्तर से घर पहुंचाने की भी जिम्मेदारी बेस्ट के हवाले है. बेस्ट की बसें प्रवासी मजदूरों के लिए चलाई जा रही श्रमिक स्पेशल ट्रेनों तक लोगों को पहुंचा रही हैं. ऐसे में अब कर्मचारी हड़ताल पर रहेंगे तो मुश्किलें बढ़ सकती हैं.
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हड़ताल के चलते बढ़ेंगी मुश्किलें
प्रवासी लोगों को रेलवे स्टेशन तक छोड़ने का काम हो या मेडिकल स्टाफ को अस्पतालों तक पहुंचाने का कम हर जगह लोगों को पहुंचाने की जिम्मेदारी बेस्ट बस को मिली है. ऐसे में अगर बेस्ट कर्मचारी हड़ताल पर बैठ जाएंगे तो लॉकडाउन में हालात और बिगड़ जाएंगे. ऐसे में प्रशासन हड़ताल खत्म करने की दिशा में कुछ जरूरी कदम उठा सकता है.