महाराष्ट्र के अकोला जिले में कथित 'लव जिहाद' का एक सनसनीखेज मामला सामने आने से इलाके में तनाव का माहौल बन गया. आरोप है कि एक विवाहित मुस्लिम युवक ने गेमिंग ऐप के जरिए फर्जी पहचान बनाकर हरियाणा की एक हिंदू युवती को प्रेमजाल में फंसाया और उसे अकोला बुलाकर पांच दिनों तक अपने घर में रखा. सूचना मिलने के बाद खदान पुलिस ने युवती को बरामद कर आरोपी को हिरासत में ले लिया है.
प्रेम का झांसा देकर अकोला बुलाया
पुलिस के अनुसार, आरोपी की पहचान जमीर जाहीरउद्दीन काजी (25) के रूप में हुई है, जो पहले से विवाहित है और उसका एक बच्चा भी है. बताया जा रहा है कि वह एक गेमिंग ऐप पर 'बादशाह' नाम से फर्जी अकाउंट चलाता था और इसी माध्यम से अलग-अलग युवतियों से संपर्क करता था. इसी दौरान उसकी पहचान हरियाणा की एक युवती से हुई, जिसे उसने प्रेम का झांसा देकर अकोला आने के लिए तैयार किया.
पांच दिन घर में रुकने के लिए किया मजबूर
मामले में आरोप है कि युवती को गीता नगर इलाके स्थित अपने घर पर लाकर आरोपी ने पांच दिनों तक उसे वहीं रखा. इस दौरान युवती ने घर पर मां के डांटने की बात बताई थी, जिसका फायदा उठाकर आरोपी ने कथित तौर पर उसका 'ब्रेनवॉश' किया और उसे अपने पास रुकने के लिए मजबूर किया.
उधर, युवती के लापता होने पर हरियाणा में उसके परिजनों ने अपहरण का मामला दर्ज कराया था. युवती का भाई उसकी तलाश में अकोला पहुंचा और खदान पुलिस से संपर्क किया. जांच के दौरान पूरा मामला उजागर हुआ, जिसके बाद पुलिस ने युवती को सुरक्षित छुड़ा लिया. खदान पुलिस थाना प्रभारी मनोज केदारे ने बताया कि आरोपी को हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई की जा रही है और उसे हरियाणा पुलिस के हवाले किया जाएगा.
इस घटना के सामने आने के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बन गई. विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में पुलिस थाने पहुंचे और मामले में 'लव जिहाद' का आरोप लगाते हुए सख्त कार्रवाई की मांग की.
संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि युवती के साथ पांच दिनों के दौरान क्या हुआ, इसकी गहन जांच होनी चाहिए. साथ ही उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि आरोपी के परिवार को इस बारे में जानकारी होने के बावजूद उन्होंने चुप्पी क्यों साधे रखी.
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी है और सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है. पुलिस ने लड़की को सरकारी रिमांड होम में रखा है.