महाराष्ट्र में अकोला के जिलाधिकारी ने अपने सरकारी गाड़ी के वाहन चालक को रिटायरमेंट के दिन अनोखे अंदाज में विदाई दी. शुक्रवार को 58 वर्ष के दिगंबर की नौकरी का आखिरी दिन था. अपने ड्राइवर की विदाई को यादगार बनाने के लिए डीएम ने खुद गाड़ी चलाई और ड्राइवर को अपनी सीट पर बिठाकर दफ्तर ले गए.
अपने रिटायरमेंट वाले दिन जैसे ही दिगंबर ने रोज की तरह जिला कलेक्टर के आते ही गाड़ी का दरवाजा खोला, तो कलेक्टर साहब ने खुद पीछे के सीट पर के बैठने की बजाए दिगंबर को अपनी सीट पर बिठा दिया और खुद उनके चालक बनकर दफ्तर ले गए. यह अनोखा अंदाज उस रिटायर होने वाले चालक के लिए एक अनूठी सौगात थी.
अकोला जिला मजिस्ट्रेट जी श्रीकांत के मुताबिक उनके सरकारी ड्राइवर को रिटायरमेंट के दिन यह महसूस कराना था कि तीस साल की नौकरी में उनका योगदान बहुत अच्छा रहा, उन्होंने बेहतरीन तरीके से नौकरी की और इसीलिए उन्होंने अपने ड्राइवर को इस तरह विदाई दी.

जिला मजिस्ट्रेट के इस अंदाज से भावुक हुए दिगंबर ने कहा कि इतना बड़ा सम्मान दिए जाने पर उनकी जिंदगी सफल हो गई. तीस साल की सर्विस में वे कभी भी साहब के सीट पर बैठे नहीं थे, लेकिन रिटायरमेंट के दिन उन्हें दिया गया ये मान, उन्हें उम्र भर याद रहेगा.