गुजरात सरकार ने बड़ा फैसला किया है. अब शहरी इलाकों में दो पहिया वाहन चलाने वाले लोगों के लिए हेलमेट पहनना अनिवार्य नहीं होगा. इसका ऐलान गुजरात सरकार के परिवहन मंत्री आरसी फलदू ने किया.
इस फैसले का ऐलान करते हुए फलदू ने कहा कि हमें लोगों की कई शिकायतें मिल रही थीं कि नगरपालिका और नगर निगम के इलाकों में हेलमेट लगाने में लोग असहज महसूस कर रहे हैं और वे व्यावहारिक परेशानी की बात उठा रहे हैं. इस शिकायत के बाद यह मुद्दा सरकार के सामने रखा गया. इसके बाद बुधवार को कैबिनेट की बैठक में फैसला किया गया कि नगरपालिका और नगर निगमों की सीमा में लोग अपनी मर्जी से हेलेमेट लगा सकते हैं. हालांकि सरकार ने राज्य हाइवे, राष्ट्रीय हाइवे और पंचायत सड़कों पर हेलमेट लगाना अनिवार्य रखा है.
बता दें, गुजरात सरकार ने सितंबर महीने में केंद्र की ओर से पारित मोटर व्हीकल एक्ट में बदलाव करते हुए लोगों को राहत की घोषणा की थी. ऐलान के मुताबिक बिना हेलमेट पर 1000 रुपये की जगह 500 रुपये का जुर्माना होगा. इसके अलावा अब कार बिना सीट बेल्ट पहने चलाने पर 1000 रुपये की बजाए 500 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा.
गुजरात सरकार ने केंद्र की ओर से बनाए गए एक्ट से आम लोगों को हो रही दिक्कतों के मद्देनजर एक्ट में संशोधन करने का फैसला लिया. नए वाहन नियमों के मुताबिक गाड़ी चलाते वक्त मोबाइल पर बात करते हुए पकड़े जाने पर 500 का चालान कटेगा.