दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बुधवार को 'हौसलों की उड़ान' योजना की शुरुआत की. इस टैलेंट हंट का मुख्य उद्देश्य राजधानी दिल्ली के युवाओं में छिपी प्रतिभा की पहचान करना और उन्हें सही मंच देना है.
मुख्यमंत्री कार्यालय में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए सीएम ने कहा कि यह योजना 16 से 35 वर्ष के युवाओं के लिए एक बड़ा प्लेटफॉर्म बनेगी, जहां वे विभिन्न रचनात्मक क्षेत्रों में अपने हुनर का प्रदर्शन कर सकेंगे. मुख्यमंत्री ने आगे बताया कि दिल्ली सरकार जल्द ही इसके लिए एक ऑनलाइन पोर्टल शुरू करने जा रही है, जिस पर पात्र प्रतिभागी बिना किसी शुल्क के अपना रजिस्ट्रेशन करा सकेंगे.
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा, "हर युवा में प्रतिभा होती है, उन्हें आगे बढ़ने के लिए बस सही अवसर और मंच की आवश्यकता होती है." एक आधिकारिक बयान के अनुसार, इस योजना के तहत प्रतियोगिताओं को सात श्रेणियों में आयोजित किया जाएगा. इनमें गायन, नृत्य, अभिनय और थिएटर, ललित कला और डिजिटल आर्ट्स, मूर्तिकला और मिट्टी के बर्तन बनाना, म्यूजिक कंपोजिशन, इंस्ट्रूमेंटल और कविता शामिल हैं.
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इस अनूठी पहल को कला, संस्कृति और भाषा विभाग द्वारा लागू किया जाएगा, जो दिल्ली के सभी 70 विधानसभा क्षेत्रों को कवर करेगी. रेखा गुप्ता ने बताया कि यह पूरा कार्यक्रम चार चरणों में आयोजित होगा, जिसकी शुरुआत ऑनलाइन पंजीकरण और आवेदनों की स्क्रीनिंग से होगी. इसके बाद क्रमशः क्लस्टर-स्तर, जोनल-स्तर और अंत में राज्य-स्तरीय प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा. बयान के मुताबिक, इस पहल में 25,000 से अधिक प्रतिभागियों के शामिल होने की उम्मीद है, जिसके लिए दिल्ली सरकार ने 10 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस प्रतियोगिता के विजेताओं को नकद पुरस्कार दिए जाएंगे. अल-अलग श्रेणियों में पहला स्थान हासिल करने वाले प्रतिभागियों को 2.5 लाख रुपये, जबकि दूसरे, तीसरे और चौथे स्थान पर रहने वाले विजेताओं को 2 लाख रुपये, 1.5 लाख रुपये और 1 लाख रुपये का पुरस्कार मिलेगा.
उन्होंने आगे बताया कि चयन प्रक्रिया में 25 प्रतिशत वेटेज ऑनलाइन पब्लिक वोटिंग से तय होगा, जबकि शेष 75 प्रतिशत का फैसला विशेषज्ञों की एक जूरी द्वारा किया जाएगा. सीएम ने कहा कि इस योजना का उद्देश्य न केवल नई प्रतिभाओं को खोजना है, बल्कि विभिन्न सामाजिक और आर्थिक पृष्ठभूमि से आने वाले युवाओं के लिए बेहतरीन अवसर पैदा करना भी है.
लॉन्चिंग कार्यक्रम में शामिल हुए दिल्ली के कला, संस्कृति और भाषा मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा कि यह पहल महत्वाकांक्षी कलाकारों और प्रदर्शन करने वालों को अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए एक बड़ा मंच प्रदान करेगी, जिससे दिल्ली को "रचनात्मक और युवा राजधानी" के रूप में स्थापित करने में मदद मिलेगी. उन्होंने यह भी बताया कि इस प्रतियोगिता का ग्रैंड फिनाले अगस्त में आयोजित होने की उम्मीद है.