आम आदमी पार्टी के दिल्ली संयोजक दिलीप पांडे ने एमसीडी को लेकर बीजेपी और कांग्रेस पर आपस में मिले होने का आरोप लगाया है. उनका कहना है कि दिल्ली एमसीडी में बीजेपी और कांग्रेस के नेता आपसी सेटिंग और सुविधा के अनुसार पदों का निर्माण करते हैं और उनका उपभोग भी करते हैं. आम आदमी पार्टी (AAP) दिल्ली और देश की जनता को ये बताना चाहती है कि कैसे बीजेपी-कांग्रेस आपसी सेटिंग से सरकारी तंत्र का दुरुपयोग कर रही है.
के दिल्ली संयोजक दिलीप पांडे ने कहा, 'आजकल देश में पार्लियामेंट सेक्रेटरी और ऑफिस ऑफ प्रॉफिट पर मीडिया कुछ ज्यादा चर्चा कर रही है. हम दिल्ली में बीजेपी शासित में चल रही बीजेपी-कांग्रेस की सेटिंग की तरफ भी ध्यान दिलाना चाहेंगे, जहां ये दोनो पार्टियां आपस में मिल बांट कर सरकारी तंत्र को अपनी मनमर्जी से चलाते हैं.'
एमसीडी में नहीं है डीएमसी का पद
उन्होंने कहा, 'एमसीडी में DMC एक्ट के तहत मेयर के पद के अलावा कोई पद नहीं होता है, लेकिन बीजेपी-कांग्रेस ने आपसी जुगलबंदी से में 'नेता सदन' और 'नेता विपक्ष' के पदों का निर्माण भी कर दिया और उनके लिए गाड़ी, घर, सुरक्षा, व्यक्तिगत स्टाफ जैसी सुख-सुविधाएं भी मुहैया करा दी गईं.' दिलीप पांडे का कहना है कि दरअसल, यह एक ऐसा निर्णय था जिससे निगम पर वित्त बोझ बढ़ेगा और इसके लिए उपराज्यपाल और गृह मंत्रालय की स्वीकृति आवश्यक होती है, लेकिन यहां सारे नियम-कानूनों को ताक पर रखते हुए ने अपनी सुख-सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए सेटिंग की और अपने नेताओं के लिए पद इजाद कर डाले.
अपनी पार्टी के खिलाफ भी जंग लड़ें विजेंद गुप्ता
आप दिल्ली संयोजक दिलीप पांडे ने कहा, 'जैसे विधानसभा में नेता विपक्ष आम आदमी पार्टी से जुड़े झूठे मामलों को लेकर खड़े हो जाते हैं. वैसे वो उनकी अपनी पार्टी के नेताओं के मामले भी लेकर संघर्ष करें. वह दिल्ली की जनता को बताएं कि कैसे बीजेपी के नेताओं ने एमसीडी को लूट-खसोट कर खोखला बना दिया है. विजेंद्र अपनी पार्टी के नेताओं के खिलाफ भी एक जंग लड़ें जो दिल्ली की जनता के हक़ में हो.'