
बिहार में उफनती नदियों के पानी से राज्य के कई जिले जलमग्न होने से बाढ़ की स्थिति और बिगड़ गई है. बिहार में आई बाढ़ से करीब 14 जिले प्रभावित हैं. कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं. आपदा प्रबंधन विभाग के मुताबिक बागमती, बूढ़ी गंडक, अधवारा, खिरोई, महानंदा और घाघरा नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं. सीतामढ़ी, सुपौल, किशनगंज, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, गोपालगंज, पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, खगड़िया, सारण, समस्तीपुर और मधुबनी बाढ़ प्रभावित जिले हैं.
बिहार में बाढ़ आपदा से निपटने के लिए एनडीआरएफ की कुल 23 टीमें राज्य के 14 जिलों में तैनात हैं. जिन जिलों में NDRF की टीमें तैनात हैं, उनमें सारण, पूर्वी चंपारण, दरभंगा, समस्तीपुर, गोपालगंज, कटिहार, किशनगंज, अररिया, सुपौल, मधुबनी, पश्चिम चंपारण, वैशाली व मुजफ्फरपुर जिले शामिल हैं. एनडीआरएफ की टीमें राहत और बचाव कार्य में जुटी हैं.

पटना के बिहटा स्थित 9वीं बटालियन एनडीआरएफ के कमान्डेंट विजय सिन्हा ने शनिवार को बताया कि बाढ़ बचाव ऑपेरशन इस समय मुख्यत: सारण और दरभंगा जिलों में एनडीआरएफ टीमों द्वारा चलाया जा रहा है. उन्होंने बताया कि अब तक बिहार राज्य के विभिन्न जिलों में प्रशासन के सहयोग से रेस्क्यू ऑपेरशन चलाकर एनडीआरएफ के बचावकर्मियों ने लगभग 11 हजार सात सौ बाढ़ आपदा में फंसे लोगों को रेस्क्यू करके सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया है.
Bihar: Flood situation continues in Muzaffarpur district as the water level of Bagmati river has risen following incessant rainfall in the region; visuals from Bandra block of the district. (08.08.2020)
— ANI (@ANI)
ये भी पढ़ें-
एनडीआरएफ की टीमें बाढ़ग्रस्त इलाकों में सिविल मेडिकल टीमों को भी मोटर बोट से पहुंचाने में मदद कर रही हैं. जिससे जरूरतमंद लोगों को उचित चिकित्सा सुविधा मुहैया कराई जा सके. राज्य में एनडीआरएफ के बचावकर्मी स्थानीय प्रशासन के सहयोग से बाढ़ आपदा में फंसे लोगों की सहायता के लिए दिन-रात तत्पर हैं.