बिहार चुनाव में दो चरणों की वोटिंग के बाद एक ओर जहां बीजेपी के नेता कम सीटें जीतने की आशंका जता रहे हैं, वहीं, पार्टी अध्यक्ष अमित शाह ने दोनों चरणों में बेहतर प्रदर्शन का दम भरा है. सोमवार को पटना में प्रेस कॉन्फेंस करके अमित शाह की और कहा कि बिहार अब बीमारू राज्य नहीं रहेगा.
उन्होंने कहा, 'पहले चरण में एनडीए 32-34 सीटें जीतेगा और दूसरे चरण में एनडीए 22-24 सीटें मिलेंगी. दोनों ही चरणों में महिलाओं और युवाओं ने को वोट दिया है. बिहार की जनता विकास चाहती है. सभी वर्गों ने बीजेपी को वोट दिया है.
'अभी भी पिछड़ा है बिहार'
बीजेपी अध्यक्ष ने कहा कि हमारा मुख्य मकसद विकास है और हमारा चुनाव प्रचार भी इसी पर आधारित है. बिहार अभी भी पिछड़ा है, लेकिन एनडीए की सरकार आने से इसकी बीमारू राज्य वाली स्थिति बदलेगी. छत्तीगसढ़, राजस्थान और मध्य प्रदेश में बीजेपी की सरकार बनने के बाद ही विकास हुआ है.
उन्होंने साधते हुए कहा कि नीतीश-लालू की जोड़ी सिर्फ सत्ता और ताकत के लिए साथ आई है. दोनों कांग्रेस विरोधी हैं, लेकिन सत्ता के लालच में उन्होंने कांग्रेस से हाथ मिला लिया. शाह ने कहा कि चुनाव के असल मुद्दों से भटकाने के लिए लोग बीफ और आरक्षण जैसे मुद्दे पर सियासत कर रहे हैं.
'PM मोदी बिहार का विकास चाहते हैं'
अमित शाह ने कहा कि आरक्षण के समर्थन में है और विकास चाहती है, लेकिन कुछ लोग बिहार चुनाव को अगड़ों और पिछड़ों की लड़ाई में बदलना चाहते हैं. उन्होंने कहा कि बीजेपी ने गरीब परिवार से आए व्यक्ति को देश का प्रधानमंत्री बनाया है. प्रधानमंत्री बिहार का विकास चाहते हैं.
साक्षी महाराज के बयान का खंडन
उन्होंने राज्य की कानून व्यवस्था पर भी सवाल उठाया. और बताया कि पीएम मोदी बिहार में अभी 22 रैलियां और करेंगे. अमित शाह ने साक्षी महाराज की ओर से हार की आशंका जताए जाने का खंडन किया और कहा कि ने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है.
वहीं बीजेपी सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने भी ट्वीट करके कहा कि पार्टी पहले दो चरणों में और अच्छा प्रदर्शन कर सकती थी.आने वाले चरणों में बीजेपी उम्मीदवारों को शुभकामना.
News that my party cud've done better in the 1st 2 phases upsets me. Hope it's untrue.Wishing BJP candidates all the best for the next phase
— Shatrughan Sinha (@ShatruganSinha)