पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी के रोड शो में एक ऐसी घटना हुई कि चर्चा का विषय बन गई है. सांसद अभिषेक बनर्जी अपने निर्वाचन क्षेत्र में दक्षिण 24 परगना के डायमंड हार्बर में रोड शो निकाल रहे थे, तभी एक एंबुलेंस आई. जैसे ही अभिषेक बनर्जी को एंबुलेंस दिखी उन्होंने अपने समर्थकों से कहा कि वे एंबुलेंस के जाने के लिए रास्ता बनाएं.
जैसे ही ये एंबुलेंस गई तभी उसके कुछ मिनट बाद ही एक और एंबुलेंस आ गई. अभिषेक बनर्जी ने समझदारी दिखाते हुए दूसरी एंबुलेंस को भी रास्ता देने के लिए अपने समर्थकों से गुजारिश की. इसके बाद उन्होंने कहा कि ये अंतर है TMC और भाजपा में.
पश्चिम बंगाल में तीसरे चरण का मतदान होने जा रहा है. उससे पहले शुक्रवार को अभिषेक बनर्जी रोड शो निकाल रहे थे. उन्होंने देखा कि एक एंबुलेंस आ रही है. इस पर अभिषेक बनर्जी बोले 'एंबुलेंस को आने दीजिए, रास्ता बनाइए, भीड़ मत करिए. नहीं तो किसी को नुकसान हो जाएगा.'
इसके बाद अभिषेक को एक और एंबुलेंस दिखी, जिस पर उन्होंने कहा 'ये किसकी एंबुलेंस है, इसे रास्ता दीजिए. एंबुलेंस को निकलने दीजिए, आपको थोड़ी परेशानी होगी लेकिन कृपया करके थोड़ा एडजस्ट कर लीजिए.' इसके बाद उन्होंने कहा 'ये भाजपा और तृणमूल कांग्रेस के बीच अंतर है. हम दिलीप घोष की तरह नहीं जिन्होंने अपना भाषण जारी रखने के लिए एंबुलेंस को रास्ता नहीं दिया था.'
आपको बता दें कि जिस घटना का जिक्र अभिषेक बनर्जी ने किया था. वो पिछले साल जनवरी महीने की है जब बंगाल बीजेपी अध्यक्ष दिलीप घोष नादिया जिले के कृष्णनगर में एक रैली को संबोधित कर रहे थे. तभी एक एंबुलेंस आ गई. जिसे दिलीप घोष ने वापस दूसरे मार्ग से ले जाने के लिए कह दिया. जब इस बात की खबर सोशल मीडिया पर आई तो बहुत लोगों ने दिलीप घोष की आलोचना की.