scorecardresearch
 

UP: बंद कमरे में लिखवाए जा रहे थे आंसर, पुलिस के छापे में प्रिंसिपल समेत 12 गिरफ्तार, 18 लाख रुपये जब्त

UP Exam cheating Case: आजमगढ़ के एसपी हेमराज मीणा ने बताया कि यह जानकारी मिली थी कि राजेंद्र स्मारक इंटर कॉलेज में डीएलएड थर्ड सेमेस्टर का एग्जाम हो रहे हैं. इस एग्जाम में साइंस समेत तीन सब्जेक्ट्स के एग्जाम थे. जानकारी मिली कि इस परीक्षा में संगठित तरीके से नकल करवाई जा रही थी और इसके लिए सभी छात्रों से पैसों लिए गए हैं.

Advertisement
X
UP Exam cheating Case
UP Exam cheating Case

उत्तर प्रदेश में नकल माफिया का बड़ा गिरोह पुलिस के हत्थे चढ़ा है. आजमगढ़ जिले में चल रही डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन (DElEd) की परीक्षा में एसओजी व पुलिस टीम ने मंगलवार को पैसे लेकर सामूहिक रूप से नकल कराने वाले गिरोह को पकड़ा है. रानी सराय थाने के राजेंद्र स्मारक इंटर कॉलेज सेठवल के प्रिंसिपल, टीचर और अलग-अलग स्थानों से कई स्कूल प्रंबधकों समेत 12 लोग गिरफ्तार किए गए हैं. छापेमारी के दौरान 18 लाख 18 हजार रुपये भी बरामद हुए हैं.

गुमनाम चिट्ठी से खुला राज
जानकारी के मुताबिक, चार-पांच दिन पहले पुलिस को परीक्षा में सेंधमारी को लेकर एक गुमनाम चिट्ठी मिली थी. उस चिट्ठी के आधार पर कार्रवाई की पूरी रणनीति तैयार की गई. डीआईडी ने इसमें एसपी हेमराज मीणा को लगाया और उन्होंने एसपी सिटी को पूरी घटना की तह तक जाकर नकल माफियाओं को पकड़ने की जिम्मेदारी दी गई. UPI से पैसे के लेन-देन के सबूत मिलन के बाद छापेमारी की गई और 12 लोगों को गिरफ्तार किया गया है. 

प्रिंसिपल से पूछताछ के बाद बरामद हुए 18 लाख रुपये
आजमगढ़ के एसपी हेमराज मीणा ने बताया कि यह जानकारी मिली थी कि राजेंद्र स्मारक इंटर कॉलेज में डीएलएड थर्ड सेमेस्टर का एग्जाम हो रहे हैं. इस एग्जाम में साइंस समेत तीन सब्जेक्ट्स के एग्जाम थे. जानकारी मिली कि इस परीक्षा में संगठित तरीके से नकल करवाई जा रही थी और इसके लिए सभी छात्रों से पैसों लिए गए हैं. इसलिए क्षेत्राधिकार नगर की टीम, एसपी सिटी की टीम, तहसीलदार सदर और उप निदेशक का गठन करके इसकी जांच कराई गई. 

Advertisement

उन्होंने कहा, 'जांच में पता चला कि कुछ इनविजीलेटर डीएलएड की परीक्षा में नकल कराई थी. छात्रों को रूम में बैठाकर प्रॉपर डाटा डिक्टेशन दिया जा रहा था. मौके पर मिली प्रिंसिपल की गाड़ी की तलाशी ली गई तो उसमें से कुछ पैसे मिले. इसके बाद पूछताछ के बाद कई जगह पर पूरी तलाशी ली गई, जहां से करीब 18 लाख के आसपास नगद धनराशि बरामद हुई है. सभी को कानूनी धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा जाएगा.'

एसपी हेमराज मीणा ने बताय कि थर्ड सेमेस्टर से पहले 8 और 10 अगस्त को फर्स्ट सेमेस्टर के दो एग्जाम में नकल की जानकारी मिली थी, लेकिन कोई पुख्ता सबूत नहीं मिले. अब थर्ड सेमेस्टर में नकल की जानकारी के आधार पर रेड की और नकल माफिया का पर्दाफाश हुआ. इसमें न केवल स्कूल मैनेजमेंट मिला हुआ था, बल्कि कई अन्य लोग भी शामिल हैं. कुल मिलाकर करीब 12 लोगों को पर मुकदमा दर्ज किया गया है. अभी टीम पूरे मामले की तह तक जाएगी.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Advertisement