केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) के डिजिटल प्लेटफॉर्म ऑनमार्क पोर्टल को लेकर आ रही शिकायतों को लेकर बयान जारी किया है. इसे लेकर बोर्ड ने कहा कि पोर्टल में आ रही कमियों को सरकार ने बेहद गंभीरता से ले रही है. सार्वजनिक डोमेन में इस तकनीकी चूक की खबरें आने के तुरंत बाद सरकार और देश के शीर्ष तकनीकी संस्थानों ने मिलकर इस काम शुरू कर दिया, जिसके बाद अब इस खतरे को पूरी तरह टाल दिया गया है. हालांकि,अन्य शिकायतों को दूर करने की कोशिश की जा रही है.
पिछले कुछ दिनों से सरकार की विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों और भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थानों (IITs) के शीर्ष साइबर सुरक्षा एक्सपर्ट्स की एक हाई-टेक टीम इस सिस्टम को मजबूत बनाने के लिए पूरी कोशिश कर रही है. इस टीम ने न सिर्फ तकनीकी खामियों को खोजा बल्कि पूरे ऑनमार्क पोर्टल को एक अत्यधिक सुरक्षित और नए इंफ्रास्ट्रक्चर सेटअप पर शिफ्ट कर दिया है.
कमियों पर काबू
कमियों पर काबू: इस दौरान पोर्टल में जितनी भी सुरक्षा कमियां पाई गई थी, उन्हें पूरी तरह से लॉक कर नियंत्रित कर लिया गया है.
सघन जांच जारी: सिस्टम में किसी भी अन्य कामियों को या लूपहोल को पूरी तरह खत्म करने के लिए बारीकी से ऑडिट किया जा रहा है.
एथिकल हैकर्स और जागरूक नागरिकों का जताया आभार
इतना ही नहीं बोर्ड ने उन सभी जागरूक नागरिकों और एथिकल हैकर्स का भी आभार व्यक्त किया है जिन्होंने समय रहते इस तकनीकी चूक को उजागर किया और बड़ा नुकसान होने से बचा लिया. अधिकारियों ने बताया कि वे इनमें से कई साइबर विशेषज्ञों के साथ सीधे संपर्क में हैं और उनकी मदद ले रहे हैं.
प्रशासन ने देश के अन्य तकनीकी विशेषज्ञों और नागरिकों से अपील की है कि यदि उनके पास इस सिस्टम को और अधिक सुरक्षित बनाने के लिए कोई सुझाव या इनपुट है, तो वे सीधे बोर्ड की सुरक्षा टीम से संपर्क कर सकते हैं. इसके लिए बोर्ड की ओर से ऑफिशियल ईमेल भी जारी किया गया है. किसी भी तकनीकी इनपुट या सुरक्षा संबंधी जानकारी को साझा करने के लिए secy-cbse@nic.in पर मेल किया जा सकता है.