दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय ड्रग स्मगलिंग रैकेट का पर्दाफाश किया है. यह गिरोह भारत से अमेरिका तक नशीली दवाओं की सप्लाई करता था और लंबे समय से सक्रिय थ. पुलिस ने इस मामले में 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है और भारी मात्रा में प्रतिबंधित दवाएं बरामद की हैं. जांच में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं, जिनमें फर्जी दस्तावेज़ और ऑनलाइन ट्रांजैक्शन के जरिए पूरे नेटवर्क को चलाया जा रहा था.
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच को गुप्त सूचना मिली थी कि कुछ लोग अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ड्रग्स की तस्करी कर रहे हैं. इसके बाद पुलिस ने योजना बनाकर कार्रवाई की और इस संगठित गिरोह का भंडाफोड़ कर दिया. पुलिस के मुताबिक, यह गिरोह खास तौर पर अमेरिका में नशीली दवाओं की सप्लाई करता था. जांच के दौरान पता चला कि आरोपी लंबे समय से इस अवैध कारोबार में लगे हुए थे और बड़ी मात्रा में ड्रग्स विदेश भेज चुके थे. पुलिस ने पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उनसे पूछताछ जारी है.
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी जिन दवाओं की सप्लाई कर रहे थे, उनमें Zolpidem, Tramadol और Diazepam जैसी प्रतिबंधित दवाएं शामिल थीं. ये दवाएं सामान्य तौर पर मेडिकल उपयोग के लिए होती हैं, लेकिन इनका इस्तेमाल नशे के रूप में भी किया जाता है. आरोपियों ने इन दवाओं का गलत इस्तेमाल कर इन्हें अंतरराष्ट्रीय बाजार में बेचकर मोटा मुनाफा कमाया.
पुलिस के अनुसार, इस तरह की दवाओं की विदेशों में काफी मांग रहती है, जिसका फायदा उठाकर गिरोह ने अपना नेटवर्क मजबूत किया. गिरोह की कार्यप्रणाली भी बेहद शातिर थी. आरोपी फर्जी KYC दस्तावेज़ और नकली बिल तैयार करते थे ताकि कूरियर कंपनियों को गुमराह किया जा सके. इसके बाद ये पार्सल अमेरिका भेज दिए जाते थे.
पुलिस को जांच में पता चला कि इस पूरे नेटवर्क को बहुत ही सुनियोजित तरीके से संचालित किया जा रहा था. आरोपी अलग-अलग पहचान और दस्तावेजों का इस्तेमाल कर खुद को छिपाते थे, जिससे उन्हें पकड़ना आसान नहीं था. छापेमारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के पास से भारी मात्रा में नशीली दवाएं बरामद की हैं. इसके अलावा मोबाइल फोन और बैंक खातों की जांच में भी अहम सुराग मिले हैं.
पुलिस को व्हाट्सएप चैट, बैंक ट्रांजैक्शन और UPI पेमेंट्स के जरिए इस गिरोह के लेन-देन की जानकारी मिली है. इन डिजिटल सबूतों के आधार पर पुलिस अब इस नेटवर्क की गहराई तक जांच कर रही है और इससे जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा रही है.
फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की जांच को आगे बढ़ा रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस रैकेट में और कौन-कौन शामिल है. पुलिस का कहना है कि यह एक बड़ा अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क हो सकता है, जिसमें कई लोग जुड़े हो सकते हैं. पुलिस जल्द ही और गिरफ्तारियां कर सकती है. इस कार्रवाई को दिल्ली पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है, जिसने एक खतरनाक ड्रग सप्लाई चेन को तोड़ दिया है.