करीब 19 साल के लंबे अंतराल के बाद टाटा ग्रुप इनिशियल पब्लिक ऑफर (IPO) लेकर आ रहा है. SEBI से टाटा टेक्नोलॉजीज के आईपीओ (Tata Technologies IPO) को लॉन्च करने लिए मंजूरी मिल चुकी है. निवेशकों को टाटा समूह के इस आईपीओ का लंबे समय से इंतजार है.
उम्मीद जताई जा रही है कि टाटा टेक्नोलॉजीज का आईपीओ अगस्त के आखिरी या फिर सितंबर 2023 में आ सकता है. हालांकि, इसको लेकर अभी तक कंपनी की ओर से आधिकारिक रूप से किसी भी तरह का ऐलान नहीं किया गया है. लेकिन मार्केट के जानकार लगातार टाटा टेक्नोलॉजीज के आईपीओ के प्राइस बैंड को लेकर अनुमान लगा रहे हैं.
साल 2004 में आया था आखिरी IPO
टाटा ग्रुप (Tata Group) का आखिरी आईपीओ करीब 19 साल पहले साल 2004 में आया था. तब ग्रुप की आईटी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) ने IPO के जरिए घरेलू क मार्केट में एंट्री की थी. इसके बाद अब टाटा का कोई आईपीओ पेश होने जा रहा है. इसलिए निवेशकों को इस इश्यू का इंतजार है.
कितना हो सकता है प्राइस बैंड?
टाटा टेक्नोलॉजीज के आईपीओ के प्राइस बैंड को लेकर मार्केट के जानकार कहते हैं कि कंपनी को सायंट मार्केट कैपिटलाइजेशन से तुलना करें, तो आईपीओ का आकार 12,000 करोड़ रुपये का हो सकता है. कंपनी के प्रस्ताव के अनुसार, 4,05,668 530 शेयरो की लिस्टिंग होगी. ऐसे में टाटा टेक्नोलॉजीज के आईपीओ का प्राइस बैंड 295 रुपये प्रति शेयर हो सकता है. अगर कंपनी प्रति शेयर 10 से 15 रुपये का डिस्काउंट देती है, तो निवेशकों को एक शेयर 280 से 285 रुपये के भाव से मिल सकते हैं.
ग्रे मार्केट प्रीमियम
बाजार के जानकारों के अनुसार, टाटा टेक्नोलॉजीज के शेयर ग्रे मार्केट में 84 रुपये के प्रीमियम पर नजर आ रहा. हालांकि, ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) पिछले सप्ताह के मुकाबले 16 रुपये कम है. बता दें Tata Tech में टाटा मोटर्स (Tata Motors) की बड़ी 74.69 फीसदी हिस्सेदारी है. इसके अलावा बाकी हिस्से में Alpha TC Holdings की 7.26 फीसदी और Tata Capital Growth Fund 1 की 3.63 फीसदी पार्टनरशिप है.
कंपनी का कारोबार
Tata Technologies टाटा मोटर्स की सहायक कंपनी है, जो इंजीनियरिंग सेवाएं प्रदान करती है. ये ऑटो, एयरोस्पेस, इंडस्ट्रियल हैवी मशीनरी और अन्य इंडस्ट्रीज को प्रोडक्ट डेवलपमेंट और टर्नकी सॉल्यूशंस सर्विसेज मुहैया कराती है. Tata Tech दुनिया के कई देशों में काम करती है. कंपनी के पास दुनिया भर में 9300 कर्मचारी हैं. नॉर्थ अमेरिका से लेकर यूरोप तक में कंपनी का कारोबार फैला है.