Uttar Pradesh News: बिजनौर की चांदपुर पुलिस ने दौलतपुर पुलिस चेकपोस्ट पर बीती रात चेकिंग के दौरान शराब की एक बड़ी खेप बरामद की है. तस्करों ने ट्रक संख्या UP 35 ET 8866 में ऊपर नमक की बोरियां लाद रखी थीं और निचले हिस्से में जालीदार गुप्त तहखाना बना रखा था. चंडीगढ़ से बिहार ले जाई जा रही इस शराब को पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी कर पकड़ा. मौके से बिहार निवासी चालक अनिल कुमार पांडे और कुशीनगर निवासी परिचालक शीशपाल सिंह कुशवाह को गिरफ्तार किया गया. पुलिस ने कुल 350 पेटी अवैध शराब जब्त कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है.
पुष्पा फिल्म की तर्ज पर बनाया गुप्त तहखाना
शराब तस्करों ने तस्करी के लिए अल्टीमेट तरीका निकाला था। ट्रक के ऊपर सिर्फ नमक की बोरियां दिखती थीं, लेकिन गाड़ी के निचले हिस्से में विशेष जाली लगाकर एक गुप्त स्थान बनाया गया था. जब पुलिस ने मुखबिर के इशारे पर ट्रक के नीचे झांककर देखा तो वहां शराब की सैकड़ों पेटियां छिपी मिलीं. थाने लाकर गिनती करने पर कुल 350 पेटी शराब निकली, जिसकी बाजार में कीमत लगभग 30 लाख रुपये बताई जा रही है.
20 हजार के लालच में चंडीगढ़ से चला था ड्राइवर
पकड़े गए चालक अनिल कुमार पांडे ने पूछताछ में बताया कि कुशीनगर के विकास नाम के व्यक्ति ने उसे 20 हजार रुपये और 500 रुपये रोजाना का लालच देकर यह काम सौंपा था. चंडीगढ़ के सेक्टर फेज-2 से उसे यह ट्रक मिला था, जिसे मेरठ और धामपुर के रास्ते कुशीनगर पहुंचाना था. यह शराब केवल हरियाणा राज्य में बिक्री के लिए अधिकृत थी, जिसे अवैध रूप से बिहार खपाने की तैयारी थी.
हर चेकिंग पॉइंट पर बदला जाता था ड्राइवर
पूछताछ में यह बात सामने आई कि पुलिस से बचने के लिए तस्कर हर नए पॉइंट पर ट्रक का ड्राइवर बदल देते थे. एक ड्राइवर निर्धारित लोकेशन तक ट्रक लाता था, जिसके बाद दूसरा ड्राइवर आगे की जिम्मेदारी संभालता था. एसपी ग्रामीण गौतम राय के मुताबिक आरोपियों के खिलाफ आबकारी अधिनियम में मामला दर्ज कर लिया गया है. पुलिस अब मुख्य तस्कर विकास और पूरे नेटवर्क की तलाश में जुट गई है.
संजीव शर्मा