मेरठ में एक मंदिर में शादी की तैयारियां चल रही थीं. रस्में हो रही थीं, लड़की और लड़के पक्ष के लोग भी वहां मौजूद थे. दूल्हा भी पहुंच चुका था. लेकिन तभी एक फोन कॉल ने पूरी शादी की तस्वीर बदल दी. सूचना पुलिस तक पहुंची कि जिस लड़की की शादी कराई जा रही है, वह नाबालिग है. बताया गया कि उसकी उम्र महज 13 साल है. इसके बाद पुलिस पहुंची. और पुलिस को देखते ही शादी का माहौल बदल गया. दूल्हा भाग गया. उसके साथ कई परिजन भी निकल लिए. लड़की पक्ष के लोग भी मौके से फरार हो गए. मंदिर में रह गईं तो सिर्फ 13 साल की किशोरी और उसकी मां.
पूरा मामला मेरठ के मेडिकल थाना क्षेत्र के शेरगढ़ी इलाके का है. पुलिस को डायल-112 के जरिए सूचना मिली कि इलाके के एक मंदिर में नाबालिग किशोरी की शादी कराई जा रही है. मामला गंभीर था, पुलिस टीम तुरंत मंदिर पहुंची. पुलिस के मुताबिक, जब पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे तो वहां शादी की रस्में चल रही थीं. मंदिर में दोनों पक्षों के लोग मौजूद थे. लेकिन पुलिस को देखकर लोगों में हड़कंप मच गया.
यहां देखें Video
पुलिस टीम को देखते ही दूल्हा मौके से फरार हो गया. उसके साथ उसके परिवार के लोग भी वहां से निकल गए. शादी में मौजूद दोनों पक्षों के कई लोग पुलिस को देखकर भाग गए. यानी कुछ देर पहले जहां शादी की रस्में चल रही थीं, वहां पुलिस के पहुंचते ही अफरा-तफरी मच गई. पुलिस के मुताबिक, मौके पर आखिर में किशोरी और उसकी मां ही मिलीं. पुलिस ने शादी को तुरंत रुकवाया और दोनों को अपने साथ चौकी लेकर पहुंची.
यह भी पढ़ें: 9 साल का दूल्हा, 8 साल की दुल्हन... MP में बाल विवाह का केस, माता-पिता सहित पंडित, हलवाई, टेंटवाले पर एक्शन
चौकी पहुंचने के बाद पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू की. किशोरी की उम्र से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की गई. जांच में सामने आया कि लड़की की उम्र 13 वर्ष है. वहीं, जिस युवक से उसकी शादी कराई जा रही थी, उसकी उम्र 20 साल बताई गई. लड़की के नाबालिग होने की पुष्टि के बाद पुलिस ने उसे बाल कल्याण समिति यानी CWC के सामने पेश किया. फिलहाल वहां उसकी काउंसलिंग कराई जा रही है.
अब पुलिस तलाश रही है- शादी में कौन-कौन शामिल था? 13 साल की बच्ची की शादी कराने की तैयारी आखिर किसने की? शादी का फैसला किसने किया? दूल्हा कौन था? उसके परिवार के लोग कौन थे? और पुलिस के पहुंचते ही वे सभी मौके से क्यों भाग गए? पुलिस अब मामले से जुड़े लोगों और घटनाक्रम की जानकारी जुटा रही है.
सीओ ने क्या बताया?
सीओ सिविल लाइन दीक्षा ने बताया कि पुलिस को डायल-112 के माध्यम से नाबालिग बच्ची की शादी कराए जाने की सूचना मिली थी. सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शादी रुकवा दी गई. पुलिस ने मामले से जुड़े लोगों से पूछताछ की और जांच की. बच्ची के नाबालिग होने की पुष्टि होने के बाद उसे बाल कल्याण समिति के सुपुर्द कर दिया गया. सीओ के मुताबिक, फिलहाल बच्ची की काउंसलिंग की जा रही है. जांच और काउंसलिंग के दौरान जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. पुलिस का कहना है कि मामले में मिलने वाली तहरीर और जांच के तथ्यों के आधार पर कानूनी कदम उठाए जाएंगे.
उस्मान चौधरी