जिस बेटी को पाल-पोसकर बड़ा किया, उसी का पिता ने जीते जी कर दिया पिंडदान, जानें पूरा मामला

उत्तर प्रदेश के चंदौली में एक पिता ने अपनी जिंदा बेटी का पिंडदान कर दिया. बेटी करीब तीन महीने पहले परिवार की मर्जी के खिलाफ गांव के दूसरी बिरादरी के युवक के साथ घर छोड़कर चली गई थी और उससे शादी कर ली थी. परिजनों ने उसे वापस लाने की कोशिश की, लेकिन वह नहीं लौटी. इसके बाद पिता ने पितृ विसर्जन के दिन यह कदम उठाया.

Advertisement
पिता ने किया जिंदा बेटी का पिंडदान. (Photo: Uday Gupta/ITG) पिता ने किया जिंदा बेटी का पिंडदान. (Photo: Uday Gupta/ITG)

उदय गुप्ता

  • चंदौली ,
  • 12 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 3:23 PM IST

उत्तर प्रदेश के चंदौली से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने लोगों को हैरान कर दिया है. यहां एक पिता ने अपनी जिंदा बेटी को मरा हुआ मानकर उसका पिंडदान कर दिया. बताया जा रहा है कि बेटी ने परिवार की मर्जी के खिलाफ घर छोड़कर गांव के ही दूसरी बिरादरी के युवक से प्रेम विवाह कर लिया था. इस फैसले से पिता और परिवार के दूसरे सदस्य काफी आहत थे. जब बेटी काफी कोशिशों के बाद भी वापस नहीं लौटी, तो पिता ने पितृ विसर्जन के दिन उसका पिंडदान कर दिया. अब यह घटना चर्चा का विषय बनी हुई है.

Advertisement

यह मामला चंदौली जिले के सदर कोतवाली क्षेत्र के जगदीश सराय गांव का है. यहां रहने वाली एक युवती का गांव के ही दूसरी बिरादरी के युवक के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा था. जब युवती के परिजनों को इस रिश्ते के बारे में पता चला, तो उन्होंने इस पर एतराज जताया. परिवार इस रिश्ते के पक्ष में नहीं था. इसी बीच करीब तीन महीने पहले युवती अपने प्रेमी के साथ घर छोड़कर चली गई. बाद में दोनों ने शादी कर ली.

बेटी के इस फैसले से उसके पिता और परिवार के लोग काफी दुखी थे. परिवार को उम्मीद थी कि युवती वापस घर लौट आएगी. परिजनों ने उसे वापस लाने के लिए काफी प्रयास किए, लेकिन उनकी कोशिशें सफल नहीं हुईं. युवती जब वापस नहीं लौटी, तो परिवार ने एक ऐसा कदम उठाया, जिसके बारे में जानकर लोग हैरान रह गए.

Advertisement

पितृ विसर्जन के दिन किया जिंदा बेटी का पिंडदान

बताया जा रहा है कि घटना दो दिन पहले पितृ विसर्जन के दिन की है. बेटी के घर छोड़कर जाने और परिवार की मर्जी के खिलाफ शादी करने से आहत पिता ने उसे मृत मानकर उसका पिंडदान कर दिया. आमतौर पर पिंडदान की रस्म मृत व्यक्ति की आत्मा की शांति के लिए की जाती है, लेकिन इस मामले में पिता ने अपनी जीवित बेटी का ही पिंडदान कर दिया.

इस घटना की जानकारी सामने आने के बाद चंदौली में इसकी चर्चा होने लगी. एक तरफ बेटी ने अपनी पसंद से जीवनसाथी चुनकर शादी की, तो दूसरी तरफ उसके परिवार ने इस फैसले को स्वीकार नहीं किया. बेटी के वापस नहीं लौटने से दुखी पिता ने पितृ विसर्जन के दिन उसे मृत मानकर पिंडदान करने का फैसला किया.

इस मामले में युवती के चाचा ने फोन पर बातचीत के दौरान परिवार का पक्ष बताया. उन्होंने कहा कि उनकी भतीजी कुछ दिन पहले गांव के ही एक लड़के के साथ चली गई थी और उसने शादी कर ली थी. परिवार के लोगों ने उसे वापस लाने के लिए काफी प्रयास किए, लेकिन वह लौटकर नहीं आई. चाचा के मुताबिक, जब युवती वापस नहीं आई, तो उनके भाई ने पितृ विसर्जन के दिन उसका पिंडदान कर दिया. परिवार की ओर से बताई गई इस बात के बाद मामला चर्चा में आ गया है.

Advertisement

प्रेम विवाह के बाद परिवार से दूरी

चंदौली की यह घटना परिवार की मर्जी के खिलाफ प्रेम विवाह करने और उसके बाद पैदा हुए पारिवारिक तनाव को सामने लाती है. युवती करीब तीन महीने पहले घर छोड़कर अपने प्रेमी के साथ चली गई थी. दोनों ने शादी कर ली, लेकिन परिवार इस फैसले से सहमत नहीं था. परिजनों ने युवती को वापस बुलाने की कोशिश की, मगर वह नहीं लौटी.

इसके बाद पिता ने पितृ विसर्जन के दिन अपनी जिंदा बेटी का पिंडदान कर दिया. एक बेटी के प्रेम विवाह से शुरू हुआ यह मामला अब पिता के इस कदम की वजह से चर्चा में है. फिलहाल, उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, परिवार की ओर से बताई गई वजह बेटी का घर छोड़कर अपनी पसंद से शादी करना और वापस नहीं लौटना है.
 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »