भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार 24 और 25 अगस्त को उत्तर प्रदेश के दौरे पर रहेंगे. इस दौरान वे लखनऊ में छात्रों, निर्वाचन अधिकारियों और करीब 500 बूथ लेवल अधिकारियों यानी BLO से सीधे संवाद करेंगे. दौरे का मकसद चुनावी प्रक्रिया को जमीनी स्तर पर मजबूत करना, युवाओं को इससे जोड़ना है.
ज्ञानेश कुमार 24 अगस्त को भारत निर्वाचन आयोग के प्रतिनिधिमंडल के साथ लखनऊ पहुंचेंगे. दोपहर में आयोग की टीम कॉल्विन तालुकदार कॉलेज में विद्यार्थियों से बातचीत करेगी. खास बात यह है कि ज्ञानेश कुमार की शुरुआती पढ़ाई इसी कॉलेज में हुई है. छात्रों के साथ संवाद के बाद वे इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में होने वाले क्षेत्रीय सम्मेलन में शामिल होंगे. यहां निर्वाचन से जुड़े अधिकारी चुनावी प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करेंगे.
तीन शहरों में होंगे क्षेत्रीय सम्मेलन
निर्वाचन अधिकारियों के क्षेत्रीय सम्मेलन तीन चरणों में होंगे. ये सम्मेलन लखनऊ, वाराणसी और मेरठ में आयोजित किए जाएंगे.
पहले चरण का सम्मेलन लखनऊ में होगा. इसमें 20 जिले शामिल होंगे. इन जिलों की 120 विधानसभा सीटों से जुड़े 440 शैक्षणिक संस्थानों के करीब 1,500 विद्यार्थी, शिक्षक समेत अन्य लोग इसमें शामिल होंगे. इस कार्यक्रम का फोकस युवाओं को निर्वाचन प्रक्रिया से जोड़ने तथा उनमें चुनाव से जुड़ी समझ बढ़ाने पर रहेगा.
25 अगस्त को BLO से सीधा संवाद
दौरे के दूसरे दिन 25 अगस्त को ज्ञानेश कुमार लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान के मॉर्स हॉल में करीब 500 BLO से बातचीत करेंगे. इसमें लखनऊ तथा आसपास के जिलों में तैनात बूथ लेवल अधिकारी शामिल होंगे. क्योंकि, BLO चुनावी प्रक्रिया में जमीनी स्तर पर अहम भूमिका निभाते हैं. उनके साथ बातचीत के दौरान उनके अनुभवों, काम से जुड़ी चुनौतियों तथा सुझावों को समझने का मौका मिलेगा.
चुनावी प्रक्रिया को मजबूत करने पर जोर
दो दिवसीय दौरे के दौरान निर्वाचन साक्षरता को बढ़ावा देने पर भी जोर रहेगा. युवाओं को चुनावी प्रक्रिया की जानकारी देने से लेकर बूथ स्तर पर काम करने वाले अधिकारियों से सीधे फीडबैक लेने तक कई कार्यक्रम रखे गए हैं. इस तरह लखनऊ दौरे में पहले दिन छात्रों से संवाद होगा, जबकि दूसरे दिन BLO के साथ सीधी बातचीत होगी. क्षेत्रीय सम्मेलन के जरिए निर्वाचन अधिकारियों से भी चर्चा की जाएगी.
संतोष शर्मा