भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच गौतम गंभीर लगातार आलोचनाओं के घेरे में रहे हैं. टीम के खराब प्रदर्शन के बाद कभी उनकी रणनीति पर सवाल उठते हैं, तो कभी खिलाड़ियों को संभालने के उनके तरीके को निशाना बनाया जाता है. अब पूर्व भारतीय स्पिनर हरभजन सिंह खुलकर गंभीर के समर्थन में आए हैं. हरभजन का कहना है कि उन्हें आज तक समझ नहीं आया कि टीम की हार के लिए बार-बार कोच को ही जिम्मेदार क्यों ठहराया जाता है.
समाचार एजेंसी पीटीआई को दिए इंटरव्यू में हरभजन ने गंभीर के आलोचकों पर सवाल उठाते हुए कहा, 'गौतम की इतनी आलोचना क्यों होती है? मुझे कभी समझ नहीं आया कि जब टीम अच्छा प्रदर्शन नहीं करती तो लोग हमेशा कोच को ही जिम्मेदार क्यों ठहराते हैं.' हरभजन ने कहा कि जिस गंभीर को वह जानते हैं, वह अपने खेल के दिनों से ही बेहद जुनूनी रहे हैं और उनके लिए टीम हमेशा व्यक्तिगत उपलब्धियों से ऊपर रही.
गंभीर के अंडर जीते हैं 2 ICC खिताब
गौतम गंभीर के कोच रहते भारत ने टी20 वर्ल्ड कप, चैम्पियंस ट्रॉफी और एशिया कप जैसे बड़े खिताब अपने नाम किए. दूसरी तरफ टेस्ट क्रिकेट में टीम को ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड और साउथ अफ्रीका के खिलाफ निराशाजनक नतीजों का सामना भी करना पड़ा. न्यूजीलैंड और साउथ अफ्रीका ने तो भारत को उसकी ही धरती पर क्लीन स्वीप किया. इसी वजह से खासकर टेस्ट टीम को लेकर गंभीर की रणनीति पर लगातार सवाल उठते रहे हैं.
हरभजन ने गंभीर के स्वभाव का भी जिक्र किया. उन्होंने बताया कि टीम इंडिया में शुरुआती दिनों के दौरान गंभीर ज्यादा लोगों से घुलते-मिलते नहीं थे. उनका करीबी सर्कल छोटा था, जिसमें वीरेंद्र सहवाग, अमित मिश्रा और मुनाफ पटेल जैसे खिलाड़ी शामिल थे. हरभजन ने गंभीर की तारीफ करते हुए कहा, 'बहुत बढ़िया बंदा है वो. वह बहुत सीधा है. कई लोगों को गौतम की बातें कड़वी लग सकती हैं, लेकिन वह जो बोलता है वह कड़वा सच होता है. बहुत से लोग सच को पचा नहीं पाते. शायद उसके बोलने का तरीका भी लोगों को यह महसूस कराता है कि वह थोड़ा मुश्किल इंसान है.'
हरभजन का मानना है कि गंभीर के सार्वजनिक व्यक्तित्व के आधार पर उनके बारे में धारणा बनाना गलत होगा. उन्होंने कहा, 'किसी किताब को उसके कवर से मत आंकिए. वह शानदार इंसान है. उसे इस बात की अच्छी समझ है कि क्रिकेट कैसे खेला जाना चाहिए.' हरभजन के मुताबिक गंभीर बतौर कोच भी भारतीय टीम में उसी मानसिकता को उतारना चाहते हैं, जिसके साथ वह खुद क्रिकेट खेला करते थे.
हरभजन ने कहा कि गंभीर जीतने की कोशिश करते हुए मिली हार को स्वीकार कर सकते हैं, लेकिन अगर कोई टीम जीत के लिए प्रयास करने के बजाय ड्रॉ के इरादे से मैदान पर उतरती है तो शायद गंभीर को यह बिल्कुल पसंद नहीं आएगा. गंभीर के अलावा हरभजन ने भारत के नए टेस्ट और वनडे कप्तान शुभमन गिल का भी खुलकर समर्थन किया.
शुभमन को लेकर क्या बोले भज्जी?
शुभमन गिल की कप्तानी में वनडे क्रिकेट के नतीजे अब तक उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहे हैं और भारत ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड के अलावा इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज गंवा चुका है. इसके बावजूद हरभजन को उनके सफल कप्तान बनने पर पूरा भरोसा है. हरभजन ने कहा कि सफलता अचानक नहीं मिलती और किसी युवा कप्तान को स्थापित होने के लिए समय देना जरूरी है.
हरभजन ने पिछले साल इंग्लैंड में खेली गई टेस्ट सीरीज का उदाहरण दिया, जहां भारत ने शुभमन गिल की कप्तानी में सीरीज 2-2 से ड्रॉ कराई थी. इस दौरे पर गिल ने कप्तानी के साथ बल्ले से भी शानदार प्रदर्शन किया था. हरभजन ने कहा, 'हमने पिछले साल इंग्लैंड में देखा कि उसने कप्तानी में अपनी काबिलियत कैसे साबित की. वह एक कप्तान और बल्लेबाज के तौर पर उसकी क्षमता का प्रमाण था. उसने सबसे ज्यादा रन बनाए.'
पूर्व स्पिनर ने आगे कहा कि गिल के करियर में उतार-चढ़ाव आएंगे, लेकिन उनके पास क्रिकेट की शानदार समझ है और वह एक बेहतरीन खिलाड़ी हैं. हरभजन के मुताबिक शुभमन गिल का अच्छा इंसान होना भी कप्तानी में उनके काम आएगा. भज्जी को विश्वास है कि शुरुआती नाकामियों के बावजूद आने वाले समय में गिल को कप्तान के रूप में सफलता जरूर मिलेगी.
आजतक स्पोर्ट्स डेस्क