कई लोगों की उम्मीदों को झटका भी लग रहा है. टिकट कटने के बाद कहीं नाराजगी सामने आ रही है तो कहीं समर्थक खुलकर विरोध जता रहे हैं. इसी बीच जयपुर के जमवारामगढ़ से सामने आया एक वीडियो चर्चा का विषय बन गया है. वीडियो में बीजेपी से टिकट नहीं मिलने पर एक पूर्व प्रधान के बेटे विजय मीणा भावुक होकर रोते दिखाई दे रहे हैं. विजय मीणा की मां मंजू मीणा जमवारामगढ़ की पूर्व प्रधान हैं. उन्हें जयपुर जिला परिषद के वार्ड नंबर 47 से बीजेपी ने टिकट नहीं दिया.
पार्टी के इस फैसले से विजय मीणा नाराज हैं. मां की राजनीतिक दावेदारी को टिकट नहीं मिलने से वह इस कदर आहत हुए कि सोशल मीडिया पर अपनी भावनाएं जाहिर करते हुए फूट-फूटकर रोने लगे. वीडियो में विजय मीणा की आंखों से आंसू छलकते नजर आते हैं. वह भावुक होकर अपनी बात रखते हैं और कहते हैं, ‘मैं भीख मांगता हूं…’. उनके इस बयान और रोने के अंदाज ने लोगों का ध्यान खींचा है. सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा यह वीडियो स्थानीय राजनीति में चर्चा का विषय बना हुआ है.
कौन हैं विजय मीणा, जिनका वीडियो हो रहा वायरल
विजय मीणा की पहचान सिर्फ पूर्व प्रधान मंजू मीणा के बेटे के तौर पर नहीं है. वह पूर्व जिला परिषद चेयरमैन भी रह चुके हैं. ऐसे में उनकी मां को जिला परिषद वार्ड नंबर 47 से टिकट नहीं मिलने के बाद सामने आई नाराजगी को राजनीतिक नजरिए से भी देखा जा रहा है. विजय मीणा अपनी मां की दावेदारी को लेकर उम्मीद लगाए हुए थे. लेकिन बीजेपी की ओर से टिकट नहीं मिलने के बाद उनकी नाराजगी खुलकर सामने आ गई. वायरल वीडियो में वह अपनी मां के पक्ष में भावुक अपील करते दिखाई देते हैं. उनके आंसू और शब्द यह दिखाते हैं कि पार्टी के फैसले से उन्हें गहरा दुख पहुंचा है.
विजय मीणा की नाराजगी का मुख्य कारण उनकी मां मंजू मीणा को टिकट नहीं मिलना है. वीडियो में वह अपनी मां के काम और उनकी राजनीतिक दावेदारी की बात करते नजर आते हैं. उनका कहना है कि मंजू मीणा ने हमेशा जनता के मुद्दे उठाए और जनहित के लिए संघर्ष किया. इसके बावजूद उन्हें चुनाव लड़ने का मौका नहीं दिया गया. विजय मीणा की भावुक प्रतिक्रिया से साफ है कि वह पार्टी के टिकट वितरण के फैसले से संतुष्ट नहीं हैं. उनकी उम्मीद थी कि उनकी मां को चुनाव लड़ने का अवसर मिलेगा, लेकिन वार्ड नंबर 47 से टिकट नहीं मिलने के बाद उनकी नाराजगी सार्वजनिक हो गई.
राजस्थान में टिकट वितरण के बाद बढ़ी नाराजगी
राजस्थान में पंचायतीराज चुनाव को लेकर टिकट वितरण के बाद कई दावेदारों की नाराजगी सामने आ रही है. चुनाव में टिकट मिलना किसी भी दावेदार के लिए बड़ी राजनीतिक उपलब्धि माना जाता है, वहीं टिकट कटने से समर्थकों और परिवारों में निराशा भी देखने को मिलती है.जमवारामगढ़ का यह मामला भी इसी नाराजगी से जुड़ा है. मंजू मीणा को टिकट नहीं मिलने के बाद उनके बेटे विजय मीणा ने सोशल मीडिया पर अपनी पीड़ा जाहिर की. कैमरे के सामने रोते हुए उनकी भावुक अपील ने इस मामले को चर्चा में ला दिया है.
वीडियो में विजय मीणा अपनी मां के लिए चुनाव लड़ने का मौका नहीं मिलने पर दुख जताते नजर आते हैं. उनके बयान और भावुक अंदाज के कारण यह घटनाक्रम स्थानीय राजनीतिक चर्चाओं का हिस्सा बन गया है. फिलहाल, इस पूरे मामले में सामने आई जानकारी का मुख्य केंद्र मंजू मीणा को टिकट नहीं मिलना और उनके बेटे विजय मीणा की नाराजगी है. बीजेपी के टिकट वितरण के बाद सामने आया यह वीडियो बताता है कि चुनावी टिकट को लेकर दावेदारों की उम्मीदें कितनी गहरी होती हैं और फैसला उनके लिए कितना भावुक मुद्दा बन सकता है.
विशाल शर्मा