आज चुनाव आयोग पर सबसे बड़ा घमासान छिड़ गया. इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, चुनाव आयुक्तों सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने 10 महीनों में चुनाव आयोग के कदमों पर 14 लिखित आपत्तियां दर्ज कीं. इस रिपोर्ट के बाद समूचे विपक्ष ने न सिर्फ मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर हमला बोला, बल्कि वोट चोरी के आरोपों पर और बड़ा मोर्चा खोल दिया. ज्ञानेश कुमार की गिरफ्तारी जैसी मांगों के साथ-साथ बंगाल, बिहार, और दिल्ली जैसे राज्यों के चुनाव को रद्द कर नए सिरे से चुनाव कराने की मांग की गई. देखें...