इंडिया गठबंधन ने चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ बड़ा मोर्चा खोलने का फैसला किया है. विपक्षी दलों की बैठक में एक विस्तृत रणनीति तैयार की गई है, जिसके तहत 2 से 8 अक्टूबर तक देश भर के जिलों में 'लोकतंत्र बचाओ' मार्च निकाला जाएगा. इसके साथ ही 6 अक्टूबर को विपक्षी सांसद चुनाव आयोग तक मार्च करेंगे. अक्टूबर के दूसरे सप्ताह में राहुल गांधी राष्ट्रपति से मिलने का समय मांगेंगे. इस पूरे घटनाक्रम पर बीजेपी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इसे 'परिवार बचाओ' मार्च करार दिया है और कहा है कि विपक्ष राहुल गांधी को अपना नेता मानने को तैयार नहीं है. देखें...