आज हम दस्तक देंगे महाराष्ट्र और बिहार के किसानों की बदहाली पर आंखें मूंदकर बैठे जिम्मेदारों के खिलाफ. सूखे की मार से महाराष्ट्र के किसान दो जून की रोटी जुटाने के लिए जूझ रहे हैं तो बिहार में बाढ़ का पानी उतरने के बाद किसानों की सुध लेने वाला कोई नहीं है. किसान मदद की आस में बैठा है और सरकारें सिर्फ और सिर्फ आश्वास का मरहम लेकर घूम रही है. सवाल यही है कि किसानों को बदहाली और तंग- हाली के दलदल से कौन निकालेगा? देखें...