दतिया विधानसभा उपचुनाव में बीजेपी की हार के बाद अब पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के बयान सामने आने लगे हैं. नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि बीजेपी एक कैडर आधारित और अनुशासित पार्टी है. जो भी अनुशासन तोड़ेगा, उसके खिलाफ संगठन कार्रवाई करेगा.
भोपाल में मीडिया से बातचीत के दौरान नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने दतिया विधानसभा उपचुनाव में बीजेपी की हार पर प्रतिक्रिया दी.
मंत्री विजयवर्गीय ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी एक कैडर बेस और अनुशासन आधारित पार्टी है. पार्टी के भीतर अनुशासन सर्वोपरि है और जो भी अनुशासनहीनता करता है, उसके खिलाफ संगठन नियमानुसार कार्रवाई करता है.
उन्होंने बताया कि दतिया उपचुनाव के परिणामों की समीक्षा संगठन कर रहा है. ऐसे में इस विषय पर टिप्पणी करना उनके लिए उचित नहीं होगा, क्योंकि वे सरकार का हिस्सा हैं और संगठन से जुड़े मामलों पर कोई टिप्पणी नहीं करना चाहते.
कैबिनेट मंत्री ने कहा कि संगठन पूरे चुनाव परिणाम और उससे जुड़े सभी पहलुओं की समीक्षा करेगा. यदि किसी स्तर पर अनुशासनहीनता सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ पार्टी उचित कार्रवाई करेगी.
बता दें कि दतिया में 2023 का विधानसभा चुनाव कांग्रेस के राजेंद्र भारती से बीजेपी के सीनियर नेता और पूर्व गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा हार गए थे. इसी साल एक मामले में अदालत ने कांग्रेस विधायक भारती को सजा सुना दी थी. इससे वह अयोग्य हो गए और सीट रिक्त हो गई. अब उपचुनाव में बीजेपी ने नरोत्तम मिश्रा को टिकट न देकर आशुतोष तिवारी पर विश्वास जताया.
पार्टी के इस फैसले का विरोध जताते हुए दतिया बीजेपी जिलाध्यक्ष समेत सैंकड़ों पदाधिकारियों व हजारों कार्यकर्ताओं ने उप्रदव कर दिया. पुलिस ने इस मामले में एफआईआर तक दर्ज की और बल प्रयोग किया.
BJP संगठन ने मौके की नजाकत को भांपते हुए सीनियर नेता नरोत्तम मिश्रा को मनाया और उन्हें चुनाव प्रचार के लिए तैयार किया.
उधर, कांग्रेस ने बीजेपी प्रत्याशी के विरोध में दतिया राजघराने से ताल्लुक रखने वाले घनश्याम सिंह को उतारा. दतिया उपचुनाव में 30 जुलाई को वोटिंग हुई और 3 अगस्त को जब परिणाम आया तो कांग्रेस ने फतह हासिल कर ली.
इस फैसले के बाद बीजेपी ने दतिया की पूरी कार्यकारिणी को भंग कर दिया. अब माना जा रहा है कि पार्टी आगे भी बड़े नेताओं पर एक्शन ले सकती है.
धर्मेंद्र साहू