समोसे, पकौड़े, चाट या पराठे का असली स्वाद हरी चटनी के बिना अधूरा माना जाता है. लेकिन अक्सर जब हम घर पर धनिया और पुदीने की चटनी पीसते हैं, तो पीसने के कुछ ही देर बाद उसका रंग काला या मटमैला पड़ने लगता है, या फिर चटनी पानी अलग और धनिया अलग छोड़ देती है.
अगर आप भी रेस्टोरेंट और शादियों में मिलने वाली एकदम गहरे हरे रंग की, गाढ़ी और तीखी-चटपटी हरी चटनी घर पर बनाना चाहते हैं, तो मिक्सी में पानी डालने की गलती न करें. पानी की जगह सिर्फ एक खास चीज (बर्फ के टुकड़े या ठंडा दही) मिला देने से चटनी का रंग सालों-साल जैसा गहरा हरा और स्वाद लाजवाब बना रहता है.
सामग्री:
हरा धनिया (डंठल समेत) - 2 कप
पुदीना की पत्तियां - 1/2 कप
हरी मिर्च - 3 से 4 (तीखेपन के अनुसार)
अदरक - 1 इंच का टुकड़ा
लहसुन की कलियां - 4-5 (ऑप्शनल)
नींबू का रस - 1 बड़ा चम्मच
सीक्रेट इंग्रीडिएंट (पानी की जगह): बर्फ के टुकड़े - 3 से 4 या 2 बड़े चम्मच एकदम ठंडा गाढ़ा दही
नमकीन भुजिया / भुने चने / जीरा - 1 बड़ा चम्मच (गाढ़े टेक्सचर और बाइंडिंग के लिए)
चाट मसाला - 1/2 छोटा चम्मच
काला नमक व सफेद नमक - स्वादानुसार
बनाने का तरीका
हरे धनिये को डंठल समेत और पुदीने को अच्छी तरह 2-3 बार पानी में धो लें. ध्यान रखें कि धनिये के डंठल (Stems) न फेंकें, क्योंकि असली फ्लेवर और खुशबू डंठल में ही होती है.
ग्राइंडिंग जार में धनिया, पुदीना, हरी मिर्च, अदरक, लहसुन, नमकीन भुजिया (या रोस्टेड चना) और सारे सूखे मसाले डालें. भुजिया या चना चटनी में पानी अलग होने से रोकता है और उसे गाढ़ा बनाता है.
अब इसमें पानी बिल्कुल न डालें. पानी की जगह 3-4 बर्फ के टुकड़े डालें. (मिक्सी चलने से जो गर्मी पैदा होती है, उससे धनिया काला पड़ जाता है. बर्फ मिक्सी का तापमान ठंडा रखती है, जिससे चटनी का प्राकृतिक हरा रंग बरकरार रहता है).
पीसें: मिक्सी को रुक-रुक कर पर चलाकर चटनी को बारीक पीस लें.
नींबू मिलाएं: पीसने के बाद आखिर में ताजा नींबू का रस मिलाकर चम्मच से चलाएं. नींबू का रस चटनी को चटपटा बनाने के साथ-साथ उसके रंग को लंबे समय तक हरा बनाए रखने में मदद करता है.
स्टोर करें: आपकी एकदम डार्क ग्रीन, तीखी और गाढ़ी हरी चटनी तैयार है. इसे कांच के जार में रखकर फ्रिज में 10-15 दिनों तक फ्रेश रख सकते हैं.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क