Badhal Ka Achar: अचार का नाम सुनते ही सबसे पहले आम, नींबू या मिर्च के अचार का ही ख्याल आता है. लेकिन अगर आप अचार के शौकीन हैं और वही पुराने अचार खाकर ऊब चुके हैं तो इस बार कटहल के भाई कहे जाने वाले बड़हल का चटपटा अचार बनाकर देखिए. बड़हल को इंग्लिश में मंकी जैकफ्रूट कहते हैं. सौंफ, मेथी दाना, कलौंजी और सरसों के शुद्ध तेल में तैयार यह अचार स्वाद में इतना लाजवाब होता है कि साधारण दाल-रोटी और पराठे का जायका भी दोगुना कर देता है.
बड़हल के फायदे
बड़हल कटहल के परिवार की ही एक प्रजाति है. यह देखने में छोटे कटहल जैसा लगता है लेकिन इसकी सतह पर कांटे नहीं होते बल्कि यह मखमली होती है.पके हुए फल को सीधे खाया जाता है, जबकि कच्चे फल का इस्तेमाल अचार और चटनी बनाने के लिए किया जाता है. इसमें विटामिन सी, विटामिन ए, आयरन और एंटीऑक्सीडेंट भरपूर मात्रा पाए जाते हैं. यह गर्मी और बरसात के मौसम आता है.
सामग्री:
500 ग्राम कच्चा बड़हल (छोटे टुकड़ों में कटा हुआ)
2 बड़े चम्मच सौंफ (हल्की दरदरी पिसी हुई)
1 बड़ा चम्मच मेथी दाना
2 बड़े चम्मच पीली या काली सरसों (दरदरी पिसी हुई)
1 छोटा चम्मच कलौंजी (मंगरैल)
1 छोटा चम्मच हल्दी पाउडर
1.5 बड़ा चम्मच लाल मिर्च पाउडर (तीखापन अनुसार)
1/2 छोटा चम्मच हींग
1 कप सरसों का तेल
2 बड़े चम्मच अमचूर पाउडर या सिरका (खटास के लिए)
स्वादानुसार नमक (अचार में नमक थोड़ा तेज़ रखें)
बनाने की विधि:
बड़हल की तैयारी: बड़हल को छीलकर मनचाहे छोटे टुकड़ों में काट लें. एक बर्तन में पानी उबालें, उसमें चुटकी भर हल्दी और नमक डालकर बड़हल के टुकड़ों को 3-4 मिनट तक उबालें (इन्हें सिर्फ 50% पकाना है, ज्यादा गलाना नहीं है).
सुखाएं: उबले हुए बड़हल के टुकड़ों को पानी से निकालकर 2-3 घंटे के लिए कड़क धूप में या पंखे की हवा में सूती कपड़े पर फैला दें, ताकि इसकी पूरी नमी खत्म हो जाए.
मसाले भूनें: एक पैन में मेथी दाना और सौंफ को धीमी आंच पर 1 मिनट के लिए सूखा भून लें ताकि खुशबू आने लगे. ठंडा होने पर इन्हें मिक्सी में हल्का दरदरा पीस लें.
तेल गर्म करें: सरसों के तेल को कढ़ाई में धुआं निकलने तक गर्म करें, फिर गैस बंद करके तेल को हल्का गुनगुना होने दें.
मसाले मिलाएं: गुनगुने तेल में हींग, कलौंजी, दरदरी सौंफ-मेथी, सरसों पाउडर, हल्दी, लाल मिर्च पाउडर, अमचूर पाउडर और नमक डालकर अच्छी तरह मिक्स करें.
अचार तैयार करें: अब इस मसालेदार तेल में सूखे हुए बड़हल के टुकड़े डालें और अच्छी तरह चलाएं ताकि हर टुकड़े पर मसाला लिपट जाए.
स्टोर करें: तैयार अचार को पूरी तरह ठंडा होने दें. फिर इसे किसी साफ और सूखे कांच के जार (बर्नी) में भर लें. इसे 3-4 दिनों तक धूप दिखाएं. आपका चटपटा बड़हल का अचार परोसने के लिए तैयार है!
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क