रुद्रप्रयाग में नीचे उतरे एक और निहंग, हथियारों से लैस 5 अब भी गुरुद्वारे के ऊपर

हेमकुंड साहिब यात्रा मार्ग पर स्थित नागरासू गुरुद्वारे में निहंग यात्रियों और सेवादारों के बीच विवाद के बाद तनाव बना हुआ है. गुरुद्वारे की छत पर चढ़े सात निहंगों में से दो नीचे उतर चुके हैं, जबकि प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां लगातार बातचीत के जरिए समाधान निकालने में जुटी हैं. एहतियातन इंटरनेट सेवाएं भी बंद कर दी गई हैं.

Advertisement
रुद्रप्रयाग में नीचे उतरे एक और निहंग (Photo: itg) रुद्रप्रयाग में नीचे उतरे एक और निहंग (Photo: itg)

अंकित शर्मा

  • रुद्रप्रयाग,
  • 22 जून 2026,
  • अपडेटेड 1:21 PM IST

उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले के नागरासू स्थित गुरुद्वारे में बीते 20 जून से जारी विवाद ने गंभीर रूप ले लिय़ा. हेमकुंड साहिब यात्रा मार्ग पर स्थित गुरुद्वारे में कुछ निहंग तीर्थ यात्रियों द्वारा कब्जा जमाने के बाद हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं.

नीचे उतरा एक और निहंग

मामले में ताजा अपडेट की बात करें तो 7 में से एक निहंग के नीचे उतरने के बाद अब एक और निहंग नीचे उतर आयें हैं. यानी अब गुरुद्वारा की छत पर कुल 5 निहंग मौजूद हैं.   

Advertisement

बताया जा रहा है कि निहंग यात्रियों द्वारा एक श्रद्धालु को कथित तौर पर बंधक बना कर रखा गया है. फिलहाल प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारी मौके पर डटे हुए हैं, लेकिन अभी तक विवाद का कोई ठोस समाधान सामने नहीं आ सका है.

विवाद के बाद छत पर चढ़े 7 निहंग

मिली जानकारी के मुताबिक गुरुद्वारा प्रबंधन और निहंग यात्रियों के बीच हुए विवाद के बाद कुछ निहंग गुरुद्वारे की छत पर चढ़ गए और परिसर पर कंट्रोल करने की कोशिश की. आरोप है कि इस दौरान सेवादारों के साथ मारपीट और अभद्र व्यवहार की घटनाएं भी हुईं. सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और आईटीबीपी की टीमें मौके पर पहुंच गईं. स्थिति को संभालने के लिए क्षेत्र में अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है. प्रशासन लगातार दोनों पक्षों से संवाद कर मामले का शांतिपूर्ण समाधान निकालने का प्रयास कर रहा है, लेकिन कई घंटे बीतने के बावजूद गतिरोध बना हुआ है.

Advertisement

रुद्रप्रयाग और श्रीनगर क्षेत्र में इंटरनेट बंंद

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने रुद्रप्रयाग और श्रीनगर क्षेत्रों में एहतियातन इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी हैं, ताकि सोशल मीडिया के जरिए किसी प्रकार की अफवाह न फैल सके. हेमकुंड साहिब यात्रा के दौरान नागरासू गुरुद्वारे में पैदा हुए इस विवाद ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है. तनावपूर्ण हालात को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है. अब सभी की नजरें प्रशासनिक वार्ता और उसके संभावित नतीजों पर टिकी हुई हैं.

इस बीच, छत पर मौजूद सात निहंगों में से एक व्यक्ति पहले ही नीचे आकर अपना पक्ष रख चुका है. उसका कहना है, “हम ऋषिकेश से कर्णप्रयाग की ओर यात्रा कर रहे थे. रास्ते में भोजन करने के लिए नागरासू गुरुद्वारे में रुके थे. वहां पहुंचने पर कुछ सेवादारों ने हमारे साथ अभद्र व्यवहार किया. जब हम बाहर आए तो पुलिस को देखकर हमें लगा कि गुरुद्वारा प्रबंधन ने हमारे खिलाफ पुलिस बुला ली है. इसी चलते हम छत पर चले गए. मैं पूरी तरह सुरक्षित हूं और अपने घर वापस जाना चाहता हूं.”

 क्या बोलीं एसएसपी?

आजतक से टेलीफोन पर हुई बातचीत में रुद्रप्रयाग की एसएसपी नीहारिका तोमर ने बताया कि अब तक की जांच और दोनों पक्षों से हुई बातचीत में यह बात सामने आई है कि निहंगों का विवाद नगरासू गुरुद्वारा के सेवादारों के साथ हुआ था. उन्होंने स्पष्ट किया कि कर्णप्रयाग से जुड़े किसी भी विवाद या घटना का उल्लेख निहंगों ने बातचीत के दौरान नहीं किया है.

Advertisement

एसएसपी के अनुसार, सेवादारों के साथ कहासुनी और विवाद के बाद कुछ निहंग आक्रोश में आकर गुरुद्वारे की छत पर चढ़ गए थे. उनमें से एक निहंग बाद में नीचे उतर आया और उसने प्रशासनिक अधिकारियों से बातचीत भी की. उन्होंने यह भी बताया कि गुरुद्वारे में अरदास और लंगर की व्यवस्था सामान्य रूप से संचालित हो रही है तथा श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जा रही है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »