वाराणसी: किसान पंचायत करने पहुंचे लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष को नहीं पहचान सकी पुलिस, ​लगानी पड़ी दौड़

वाराणसी के मिर्जामुराद में किसान पंचायत का आयोजन था. इस पंचायत को संबोधित करने के लिए लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनील सिंह आज एयरपोर्ट पहुंचे. उन्हें रोकने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया था, लेकिन पुलिस सुनील सिंह को पहचान नहीं सकी. जब वे किसान पंचायत के लिए निकल गए, तब पुलिस को जानकारी हो सकी. इसके बाद पुलिस ने पीछाकर उन्हें रास्ते में रोककर हिरासत में ले लिया. 

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पुलिस हिरासत में लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनील सिंह पुलिस हिरासत में लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनील सिंह

रोशन जायसवाल

  • वाराणसी ,
  • 08 मार्च 2021,
  • अपडेटेड 8:56 PM IST
  • रास्ते में रोककर लिया गया हिरासत में
  • सुनील सिंह ने साधा बीजेपी सरकार पर निशाना 
  • 18 को गोरखपुर में पंचायत का ऐलान 

वाराणसी के मिर्जामुराद में किसान पंचायत का आयोजन था. इस पंचायत को संबोधित करने के लिए लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनील सिंह आज एयरपोर्ट पहुंचे. उन्हें रोकने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया था, लेकिन पुलिस सुनील सिंह को पहचान नहीं सकी. जब वे किसान पंचायत के लिए निकल गए, तब पुलिस को जानकारी हो सकी. इसके बाद पुलिस ने पीछाकर उन्हें रास्ते में रोककर हिरासत में ले लिया. 

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फूल गए हाथ-पांव

वाराणसी के लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी सुनील सिंह को रोकने के लिए लगी पुलिस के हाथ-पांव उस वक्त फूल गए, जब पुलिस उनको पहचान नहीं सकी और वे मिर्जामुराद क्षेत्र के करधना में आयोजित किसान पंचायत के लिए निकल गए. जब इसकी जानकारी पुलिस अधिकारियों को हुई, तो उनके काफिले का पीछाकर रास्ते में उन्हें रोका गया. कार्यक्रम स्थल किसान पंचायत में पहुंचने के पहले ही वाराणसी की जंसा पुलिस ने चौधरी सुनील सिंह को हिरासत में ले लिया. जंसा थाने की पुलिस के साथ मिर्जामुराद थाने की पुलिस और भारी फोर्स भी मौजूद थr, जिसके बाद उन्हें वापस डिपोर्ट के लिए पुलिस अपने साथ एयरपोर्ट लेकर आई.

इस कार्रवाई पर लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी सुनील सिंह ने बीजेपी सरकार पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की गरिमा बची नहीं है. एक शांतिपूर्ण किसान पंचायत को भी सरकार होने नहीं देना चाह रही है. पीएम के संसदीय क्षेत्र में तानाशाही रवैया है. जब दिल्ली में किसान पंचायत हो सकती है, तो वाराणसी में क्यों नहीं? हम यहीं रुकने वाले नहीं हैं. 18 को सीएम योगी के गोरखपुर में भी किसान पंचायत करेंगे. जब तक अडानी-अंबानी की सरकार को नहीं हटाया जाएगा तब तक आंदोलन होता रहेगा. उन्होंने आरोप लगाया कि किसान पंचायत में मंच को भी तोड़ दिया गया और पुलिस ने गुंडागर्दी की है.

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