पीएम मोदी से मिले ओडिशा के CM नवीन पटनायक, फानी पर मदद मांगी

ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने मंगलवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की. उन्होंने प्रधानमंत्री को हालिया लोकसभा चुनाव में जीत के लिए बधाई दी.

Advertisement
पीएम मोदी से मिले नवीन पटनायक (फोटो-ANI) पीएम मोदी से मिले नवीन पटनायक (फोटो-ANI)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 11 जून 2019,
  • अपडेटेड 12:50 PM IST

ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने मंगलवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की. ओडिशा में फानी तूफान से हुए नुकसान को लेकर पटनायक ने पीएम मोदी से मदद की मांग की और नुकसान की भरपाई के लिए मिलने वाले फंड पर चर्चा की.

पटनायक ने अभी हाल में ओडिशा के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली है. बीजू जनता दल (बीजद) के अध्यक्ष पटनायक (72) ओडिशा के सबसे लंबे समय तक मुख्यमंत्री रहे नेताओं में से एक बन गए हैं. दिल्ली में राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री से उनकी मुलाकात इसी संदर्भ में देखी जा रही है. पटनायक के साथ सरकार के 11 कैबिनेट मंत्रियों और नौ राज्य मंत्रियों समेत कुल 20 मंत्रियों ने भी पद और गोपनीयता की शपथ ली है.

Advertisement

रानेंद्र प्रताप सवाईं, बीकराम केशरी अरुख, प्रफुल्ल कुमार मलिक, निरंजन पुजारी, पद्मनाभ बेहेरा, प्रताप जेना, अरुण कुमार साहू, सुदम मरांडी, सुशांत सिंह, नब किशोर दास और तुकुनी साहू कैबिनेट मंत्री बनाए गए हैं. अशोक चंद्र पंडा, समीर रंजन दास, ज्योति प्रकाश पाणिग्रही, दिव्या शंकर मिश्रा, प्रेमानंद नायक, रघुनंदन दास, पद्मिनी दियां, तुशारकांतिबेहेरा और जगन्नाथ सराका राज्य मंत्री हैं.

प्रधानमंत्री मोदी से मिलने के बाद नवीन पटनायक ने कहा, 'लोकसभा चुनाव में जीत को लेकर मैंने उन्हें बधाई दी. ओडिशा के लिए उनसे विशेष राज्य के दर्जे की मांग की. हमारे प्रदेश को फानी चक्रवाती तूफान से काफी नुकसान हुआ है, इसलिए विशेष दर्जे की मांग की गई.'

ओडिशा सरकार ने एक रिपोर्ट पेश की है जिसमें चक्रवाती तूफान फानी से 11,942 करोड़ रुपए के नुकसान का अनुमान लगाया गया है. तूफान तीन मई को यहां के तटीय जिलों से टकराया था. सरकार ने गृह मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव विवेक भारद्वाज की अगुवाई में एक केंद्रीय टीम को यह रिपोर्ट सौंपी गई थी. इस टीम ने यहां तूफान प्रभावित कई क्षेत्रों का दौरा किया. रिपोर्ट में, सरकार ने कहा है कि यह आंकलन सार्वजनिक संपत्तियों को नुकसान और राहत व प्रतिक्रिया अभियानों में हुए खर्च को मिलाकर किया गया है, जोकि 11,942 करोड़ रुपए है.

Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »