गलवान घाटी में चीनी सैनिकों से लोहा लेने वाले सैनिकों को गणतंत्र दिवस पर सम्मानित करेगी केंद्र सरकार

बिहार रेजिमेंट से सैनिकों की वीरता का सम्मान करने की मांग करते हुए भारतीय सेना ने गलवान घाटी संघर्ष में भाग लेने वाले भारतीय सेना के जवानों के लिए परमवीर चक्र-श्रृंखला के वॉर मेडल की सिफारिश की है. इस संघर्ष में कर्नल संतोष बाबू भी शहीद हुए थे.

Advertisement
लद्दाख में सीमा पर तैनात सेना के जवान.(फाइल फोटो) लद्दाख में सीमा पर तैनात सेना के जवान.(फाइल फोटो)

मंजीत नेगी

  • नई दिल्ली,
  • 11 जनवरी 2021,
  • अपडेटेड 8:48 PM IST
  • कर्नल संतोष बाबू का भी मरणोपरांत वीरता पदक से सम्मान
  • भारतीय सेना ने रक्षा मंत्रालय को भेजे नाम

लद्दाख की गलवान घाटी में चीनी सैनिकों से लोहा लेने वाले सेना के जवानों को केंद्र सरकार गणतंत्र दिवस के मौके पर सम्मानित करेगी. 15 जून को गलवान घाटी में चीनी सैनिकों संग हुई झड़प में दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब देने वाले सैनिकों को सम्मानित करने के लिए सेना ने केंद्र सरकार के पास जवानों के नाम भेजे हैं.

बिहार रेजिमेंट से सैनिकों की वीरता का सम्मान करने की मांग करते हुए भारतीय सेना ने गलवान घाटी संघर्ष में भाग लेने वाले भारतीय सेना के जवानों के लिए परमवीर चक्र-श्रृंखला के वॉर मेडल की सिफारिश की है. इस संघर्ष में कर्नल संतोष बाबू भी शहीद हुए थे.

Advertisement

सूत्रों ने आजतक को बताया कि इस सूची में कर्नल बाबू भी शामिल हैं, जिन्होंने 16 बिहार, सिख रेजिमेंट 58 इंजीनियरों की संयुक्त टीम का नेतृत्व किया था. शहीद जवानों को मरणोपरांत वीरता पदक से सम्मानित किया जाएगा. ये लोग भारतीय गश्त बिंदु 14 के पास तैनात थे, जहां चीनी सैनिकों के साथ इनकी झड़प हो गई थी. इस झड़प में 20 भारतीय जवान शहीद हो गए थे. भारतीय सैनिकों ने चीन के भी कई सैनिकों को मार गिराया था.

बता दें कि हाल ही में भारतीय सेना ने पूर्वी लद्दाख में गालवान घाटी में हिंसक झड़प में शहीद हुए सैनिकों के सम्मान में एक स्मारक बनाया है. इस स्मारक में 15 जून को शहीद हुए सभी जवानों के नाम हैं. इस स्मारक का नाम 'गैलेंट्स ऑफ गलवान है. स्मारक में ऑपरेशन 'स्नो लेपर्ड' के तहत जवानों की वीरता का उल्लेख किया गया. इसमें बताया गया है कि कैसे सेना के जवानों ने चीनी सैनिकों का मुंहतोड़ जवाब दिया था.

Advertisement

देखें- आजतक LIVE TV

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »