हरियाणा के करनाल में हाबड़ी ब्रांच स्थित बस्तली नहर में डूबे पिता-पुत्र के शव तीसरे दिन बरामद कर लिए गए. एसडीआरएफ और गोताखोरों की टीम ने लगातार सर्च ऑपरेशन चलाकर दोनों को तलाशा. राजौंद के नजदीक नहर से दोनों के शव मिले. पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए कल्पना चावला मेडिकल हॉस्पिटल के मोर्चरी हाउस में भिजवा दिया.
जानकारी के अनुसार, निगदू के बीर बड़ालवा निवासी सतनाम अपने बेटे मानुष के साथ किसान के खेत में स्प्रे करने के लिए घर से निकले थे. किसान का खेत नहर के किनारे था, जबकि ट्यूबवेल खेत से काफी दूर था. खेतों में स्प्रे के लिए पानी लेने मानुष नहर की तरफ गया था.
यह भी पढ़ें: एक्वागार्ड के डिब्बे, अंदर छिपे 8 कछुए... करनाल में चल रहा था वन्यजीवों की तस्करी का खेल
बताया गया कि नहर से पानी लेते समय मानुष का पैर फिसल गया और वह पानी में गिर गया. उसके एक साथी ने उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन वह उसे बाहर नहीं निकाल सका. कुछ दूरी पर मौजूद उसके पिता सतनाम को जब बेटे के नहर में गिरने की जानकारी मिली तो उन्होंने उसे बचाने के लिए पानी में छलांग लगा दी.
तेज बहाव में बह गए पिता-पुत्र
बेटे को बचाने की कोशिश में सतनाम भी नहर के तेज बहाव की चपेट में आ गए. देखते ही देखते पिता और पुत्र दोनों पानी में बह गए. घटना के बाद नहर में उनकी तलाश शुरू की गई. एसडीआरएफ और गोताखोरों की टीम लगातार सर्च ऑपरेशन चलाती रही.
पुलिस जांच कर्मचारी विनीत ने बताया कि नहर में डूबे पिता-पुत्र की तलाश के लिए एसडीआरएफ और गोताखोरों की टीम लगातार अभियान चला रही थी. तीसरे दिन राजौंद के नजदीक नहर से दोनों के शव बरामद कर लिए गए.
पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए कल्पना चावला मेडिकल हॉस्पिटल की मोर्चरी में भेज दिया है. पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंपे जाएंगे.
एक साल पहले हुई थी मानुष की शादी
मानुष की शादी करीब एक साल पहले ही हुई थी. पिता-पुत्र किसान के खेतों में स्प्रे करने के लिए घर से निकले थे, लेकिन पानी लेने के दौरान हुए हादसे में दोनों की जान चली गई. घटना के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है.
पुलिस के अनुसार शवों को बरामद कर लिया गया है और पोस्टमार्टम की कार्रवाई की जा रही है. इसके बाद दोनों के शव परिजनों को सौंप दिए जाएंगे.
कमलदीप