महाराष्ट्र के नागपुर स्थित सरकारी मेयो अस्पताल में इलाज को लेकर डॉक्टर और मरीज के परिजनों के बीच विवाद हो गया. देखते ही देखते कहासुनी मारपीट में बदल गई. इस पूरी घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है, जिसमें दोनों पक्षों के बीच हुई झड़प दिखाई दे रही है. मामले में डॉक्टर और मरीज के परिजनों की ओर से एक-दूसरे के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई है. पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर क्रॉस FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
मामला 4 नवंबर का है. जानकारी के मुताबिक, रणजीत जाधव अपने 20 वर्षीय बेटे वेदांत जाधव को इलाज के लिए मेयो अस्पताल लेकर पहुंचे थे. बताया गया कि वेदांत गाड़ी साफ कर रहा था, तभी उसकी उंगली गाड़ी की चेन में फंस गई. इस हादसे में उसकी उंगली दो टुकड़ों में कट गई थी.
परिजन सबसे पहले उसे नागपुर के मानकापुर इलाके में स्थित एक अस्पताल लेकर पहुंचे थे, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए सरकारी मेयो अस्पताल रेफर कर दिया गया. मेयो अस्पताल पहुंचने के बाद जनरल सर्जरी विभाग में तैनात डॉक्टर ने मरीज की जांच की. इसके बाद उन्होंने घायल उंगली का एक्स-रे कराने की सलाह दी.
इसी दौरान अस्पताल में एक अन्य इमरजेंसी मरीज पहुंच गया, जिसके चलते जूनियर डॉक्टर उसे देखने के लिए चले गए. आरोप है कि डॉक्टर के दूसरे मरीज को देखने चले जाने से रणजीत जाधव और उनका बेटा नाराज हो गए. उन्होंने डॉक्टर से पहले अपने बेटे का इलाज करने की गुहार लगाई. इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हो गई, जो देखते ही देखते विवाद में बदल गई. देखें वीडियो-
इस मामले में शिकायतकर्ता 37 वर्षीय डॉक्टर मेयो अस्पताल के जनरल सर्जरी विभाग में प्रथम वर्ष के जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर हैं. डॉक्टर का आरोप है कि विवाद के दौरान रणजीत जाधव और उनके बेटे वेदांत जाधव ने उनके साथ मारपीट की. शिकायत के मुताबिक, आरोपियों ने डॉक्टर को पकड़कर बेड पर पटक दिया और नाखूनों से नोचा. उनके सीने पर भी वार किए गए.
डॉक्टर ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपियों ने पुलिस में शिकायत करने पर उन्हें जान से मारने की धमकी दी. घटना के बाद मामला पुलिस तक पहुंच गया. डॉक्टर की शिकायत पर तहसील पुलिस थाने में रणजीत जाधव और उनके बेटे वेदांत जाधव के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया है.
हालांकि, इस मामले में दूसरी तरफ से भी शिकायत दर्ज कराई गई है. यानी पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर क्रॉस FIR दर्ज की है. फिलहाल दूसरी शिकायत में लगाए गए आरोपों और उनके आधार पर दर्ज मामले की पूरी जानकारी सामने नहीं आई है. मेयो अस्पताल में हुई इस घटना का CCTV फुटेज सामने आने के बाद मामला चर्चा में है. पुलिस दोनों पक्षों के आरोपों और घटनाक्रम की जांच कर रही है.
CCTV फुटेज के साथ ही शिकायतों में किए गए दावों की भी पड़ताल की जाएगी. तहसील पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. अस्पताल में ड्यूटी के दौरान डॉक्टर के साथ कथित मारपीट की इस घटना ने सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं.
योगेश पांडे